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क्या शर्लिन चोपड़ा ट्विटर को वेश्याओं का अड्डा बनाने पर तुली है..?

By   /  September 3, 2012  /  9 Comments

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पिछले कुछ दिनों से प्लेबॉय के लिए नग्न फोटो खिंचवा चुकी शर्लिन चोपड़ा नामक असफल अभिनेत्री ट्विटर पर सक्रिय हो कर पैसे और मज़े के लिए सेक्स सम्बन्ध बना चुकने की स्वीकारोक्ति के बाद जिस तरह से उसके प्रशंसकों में वृद्धि हुई है और वे लोग जो ट्विट कर रहे हैं उससे लगता है कि शर्लिन चोपड़ा और उसके प्रशंसक ना केवल ट्विटर को वेश्यावृति के नए प्लेटफार्म बतौर स्थापित कर रहे हैं बल्कि सोशल मीडिया की साख को भी दांव पर लगा रहे हैं. सोशल मीडिया का इससे बुरा इस्तेमाल और क्या हो सकता है.

 

प्लेबॉय के लिए न्यूड फोटो सेशन करने वाली शर्लिन चोपड़ा ने ट्विटर सनसनी पूनम पाण्डेय को अपने बिंदास बयानों से तो पछाड़ ही दिया है लगता है की फोलोवर्स के मामले में भी जल्द ही पछाड़ देगी. तीन दिन पहले शर्लिन ने ट्विट किया था कि “वह पैसे और मज़े के लिए सेक्स सम्बन्ध बनाती रही है मगर अब वह बदल चुकी है.” शर्लिन चोपड़ा के इस बयान से जहाँ फेसबुक पर उसकी निंदा शुरू हो गई वहीं ट्विटर पर उसके प्रशंसकों में बेतहाशा वृद्धि हो रही है. इन तीन चार दिनों में उसके प्रशसकों की संख्या बढकर सवा लाख हो चुकी है.

शर्लिन चोपड़ा की स्वीकारोक्ति

अपने प्रशंसकों की संख्या बढ़ाने के लिए शर्लिन हर आधे पौने घंटे में ट्विट कर रही है और उसकी हर ट्विट में कुछ ना कुछ ऐसा होता है जो शर्लीन चोपड़ा को भारतीय पोर्न स्टार स्थापित करने में सहायता कर रहा है. यहाँ तक की उसके प्रशंसक शर्लिन को सेक्स सम्बन्ध बनाने के लिए कीमत चुकाने का ऑफर भी दे रहे हैं. शर्लिन चोपड़ा के एक प्रशंसक ने तो लिखा है “पैसा मेरा, प्यार तेरा” तो शर्लिन द्वारा पैसों और मज़े के लिए सेक्स सम्बन्ध बनाने की स्वीकारोक्ति पर कुछ लोग उसकी तुलना महात्मा गाँधी से करते हुए कह रहे हैं कि इतना बड़ा सीक्रेट सार्वजनिक करने की हिम्मत तो महात्मा गाँधी में भी ना थी.

वहीं अब शर्लिन चोपड़ा अपनी इस स्वीकारोक्ति के अख़बारों में छपने को लेकर कह रही है कि यह पीत पत्रकारिता है और समाचार माध्यमों को शालीनता बरतनी नहीं आती.

लगता है शर्लिन चोपड़ा हो या पूनम पाण्डेय या फिर रोजलिन को ट्विटर के ज़रिये रातों रात मशहूर होने का एक सशक्त माध्यम मिल गया है. जिसमें वे अपनी नग्नता और सेक्स तथा बेहयाई का मिक्सचर परोस कर चर्चा में बनी रह सकती हैं. मगर ये लड़कियाँ ऐसा करते वक्त यह भूल जाती हैं कि ऐसी हरकतों से उन्हें केवल वही विज्ञापन मिल सकते हैं जिनमें नारी की सुंदरता के बजाय नारी देह की नग्नता परोसी जा सके. साथ ही उनको यह भी जान लेना चाहिए कि देह का आकर्षण तभी तक रहता है जब तक कि वह ढकी रहे. दो चार बार देह उघाड़ देने के पश्चात उसका आकर्षण समाप्त हो जाता है. हाँ यदि शर्लिन चोपड़ा ट्विटर के ज़रिये वेश्यावृति करने का प्लान बना कर अपनी बुकिंग कर रही हो तो भी इसे एक अपराध माना जायेगा. हालाँकि शर्लिन ने लिखा है कि वह डिसअपोइंट तो कर रही है मगर पैड सेक्स और नाही करेगी. मगर सच्चाई तो शर्लिन ही जानती है और उसके प्रशंसक उसे पाना चाहते है किसी भी कीमत पर.

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About the author

मीडिया दरबार के मॉडरेटर 1979 से पत्रकारिता से जुड़े हैं. एक साप्ताहिक से शुरूआत के बाद अस्सी के दशक में स्वतंत्र पत्रकार बतौर खोजी पत्रकारिता में कदम रखा, हिंदी के अधिकांश राष्ट्रीय अख़बारों में हस्ताक्षर. उसी दौरान राजस्थान के अजमेर जिले के एक सशक्त राजनैतिक परिवार द्वारा एक युवती के साथ किये गए खिलवाड़ पर नवभारत टाइम्स के लिए लिखी रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार श्री मिलाप चंद डंडिया की पुस्तक "मुखौटों के पीछे - असली चेहरों को उजागर करते पचास वर्ष" में भी संकलित की गयी है. कुछ समय के लिए चौथी दुनियां के मुख्य उपसंपादक रहे किन्तु नौकरी कर पाने के लक्खन न होने से तेईस दिन में ही चौथी दुनिया को अलविदा कह आये. नब्बे के दशक से पिछले दशक तक दूरदर्शन पर समसामयिक विषयों पर प्रायोजित श्रेणी में कार्यक्रम बनाते रहे. अब वैकल्पिक मीडिया पर सक्रिय.

9 Comments

  1. इस तरह से तो नारी की बेह्हाई संस्कृति की खिलाफ है इसको रोकना ही चाहिए!

  2. unhe bhartia culture ko yaad karna chahiye ki jis desh main sita sabitri jaise the great woman tih wahi unki ginti kaise ho jahi hai.

  3. Subodh Kumar says:

    very very hottttttttttttt………

  4. Sunil Yadav says:

    Shame sharlin shame.r u prostitute.tum to un se b upar ho.

  5. Neel Mehra says:

    name kharab kar rahi he apna……….

  6. sharkin apni chahne walo ki sankhya kyo kam karne par tuli hui hai.

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