Loading...
You are here:  Home  >  मीडिया  >  Current Article

चंडीगढ़ से द संडे गार्जियन शुरू

By   /  October 23, 2012  /  1 Comment

    Print       Email
इस खबर को अपने मित्रों से साझा करें..

-जयश्री राठौड़||
देश के पुराने और प्रतिष्ठित अंग्रेजी समाचार पत्र द संडे गार्जियन का चंडीगढ़ से प्रकाशन शुरू हो गया है। संस्करण का लोकार्पण प्रधान संपादक एमजे अकबर, पंजाब के राज्यपाल शिवराज पाटिल, मुख्यमंत्री प्रकाशसिंह बादल, हरियाणा के राज्यपाल जगन्नाथ पहाडिय़ा, मुख्यमंत्री भूपेंद्रसिंह हुड्डा ने किया। कुछ समय पहले गार्जियन को आज समाज और इंडिया न्यूज समूह ने ले लिया था।
अंबाला के कांग्रेस विधायक विनोद शर्मा के स्वामीत्व वाला समूह अब अंग्रेजी में स्थापित होने के प्रयास में है। इसमें कितना सफल होता है यह तो समय ही बताएगा लेकिन उसे यहां कड़ी चुनौती रहेगी। यहां से दैनिक ट्रिब्यून, हिंदुस्तान टाइम्स, टाइम्स आफ इंडिया, इंडियन एक्सप्रेस और कुछ माह पहले शुरू हुआ डेली पोस्ट है। इस मौके पर हरियाणा के मुख्यमंत्री  भूपेन्द्र सिंह हुड्डा ने कहा कि हम वैश्वीकरण और सूचना प्रौद्योगिकी के अपूर्व विकास के आंशिक प्रभावों की नई चुनौतियों का सामना कर रहे हैं।  इससे जुड़े अन्य मुद्दे हैं, जिन पर हमारे लोकतंत्र के सभी अंगो को मंथन करना चाहिए। इन चुनौतियों से निपटने के  लिए मीडिया सहित हम सब को रचनात्मक, सुधारात्मक और निष्पक्ष दृष्टिकोण अपनाने की आवश्यकता है। उन्होंने एम.जे.अकबर और ‘दि सण्डे गार्जियन’  चंडीगढ़ संस्करण निकालने वाले उनके सहयोगियों को बधाई और शुभकामनाएं दीं। एम.जे.अकबर ने जनवरी, 2010 में दिल्ली में दि सण्डे गार्जियन का शुभारम्भ किया था। हरियाणा के राज्यपाल जगन्नाथ पहाडिय़ा ने कहा कि मीडिया को निष्पक्ष भूमिका अदा करनी चाहिए। संडे गार्जियन अपने इस मकसद में खरा उतरने का प्रयास करेगा,ऐसी मेरी उम्मीद है।
पंजाब के राज्यपाल शिवराज पाटिल ने कहा कि संडे गार्जियन का मीडिया में अपना विशेष स्थान रहा है। चंडीगढ़ संस्करण शुरू करने पर मेरी समूह को बधाई। वह उम्मीद करते हैं कि समाचार पत्र सच को सच और गलत को गलत कहने की हिम्मत दिखाएगा। आज ऐसी ही पत्रकारिता और पत्रकारों की जरूरत है। पंजाब के मुख्यमत्री प्रकाशसिंह बादल ने समूह को बधाई देते हुए कहा कि आशा है मीडिया के मानदंडों पर खरा उतरने के लिए उसे पूरी तरह से स्वतंत्रता दी जाएगी।
Facebook Comments

इस खबर को अपने मित्रों से साझा करें..
    Print       Email

About the author

मीडिया दरबार के मॉडरेटर 1979 से पत्रकारिता से जुड़े हैं. एक साप्ताहिक से शुरूआत के बाद अस्सी के दशक में स्वतंत्र पत्रकार बतौर खोजी पत्रकारिता में कदम रखा, हिंदी के अधिकांश राष्ट्रीय अख़बारों में हस्ताक्षर. उसी दौरान राजस्थान के अजमेर जिले के एक सशक्त राजनैतिक परिवार द्वारा एक युवती के साथ किये गए खिलवाड़ पर नवभारत टाइम्स के लिए लिखी रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार श्री मिलाप चंद डंडिया की पुस्तक “मुखौटों के पीछे – असली चेहरों को उजागर करते पचास वर्ष” में भी संकलित की गयी है. कुछ समय के लिए चौथी दुनियां के मुख्य उपसंपादक रहे किन्तु नौकरी कर पाने के लक्खन न होने से तेईस दिन में ही चौथी दुनिया को अलविदा कह आये. नब्बे के दशक से पिछले दशक तक दूरदर्शन पर समसामयिक विषयों पर प्रायोजित श्रेणी में कार्यक्रम बनाते रहे. अब वैकल्पिक मीडिया पर सक्रिय.

1 Comment

पाठक चाहे आलेखों से सहमत हों या असहमत, किसी भी लेख पर टिप्पणी करने को स्वतंत्र हैं. हम उन टिप्पणियों को बिना किसी भेद-भाव के निडरता से प्रकाशित भी करते हैं चाहे वह हमारी आलोचना ही क्यों न हो. आपसे अनुरोध है कि टिप्पणियों की भाषा संयत एवं शालीन रखें - मॉडरेटर

You might also like...

राजस्थान के पत्रकार सरकार के समक्ष घुटने टेकने पर विवश हैं..

Read More →
Page Reader Press Enter to Read Page Content Out Loud Press Enter to Pause or Restart Reading Page Content Out Loud Press Enter to Stop Reading Page Content Out Loud Screen Reader Support
%d bloggers like this: