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हरियाणा में फिर ‘ऑनर किलिंग’, तीन गिरफ़्तार

हरियाणा में आज भी तालिबानी सोच किस कदर हावी है कि रोहतक के गरनावठी में एक ही गाँव के लड़के और लडकी के आपस में शादी कर लेने पर ऑनर किलिंग का सनसनीखेज मामला सामने आया है. कुछ समय पहले ही गांव में शादी करने वाले युवक और युवती को गांव के ही लोगों ने मौत के घाट उतार दिया. युवक की हत्या के बाद शव को खेत में फेंक दिया जबकि लड़की के शव का दाह संस्कार करने की कोशिश की गई, लेकिन पुलिस ने मौके पर पहुंच कर लड़की के अधजले शव को कब्जे में ले लिया.boy_creamation

पुलिस ने बताया कि 23 वर्षीय धर्मेन्द्र का शव कुचले हुए सिर के साथ रोहतक जिले के कलानौर गांव में उसके घर के बाहर पड़ा हुआ था तो दूसरी ओर 20 वर्षीय निधि का उसके परिवार द्वारा गुपचुप तरीके से अंतिम संस्कार कर दिया गया.

गौरतलब है कि बुधवार को लड़की निधि बराक (20) की लोगों के सामने जबकि लड़के धर्मेंद्र बराक (23) को पीटा गया, उसके हाथ-पांव तोड़ दिए गए और उसका सिर धड़ से अलग कर दिया गया.

निधि और धर्मेंद्र दोनों जाट समुदाय के थे और रोहतक जिले के कलानौर के घरनावती गांव के निवासी थे.

निधि रोहतक में फाइन आर्टस की पढ़ाई कर रही थी जबकि धर्मेंद्र वहीं से आईटीआई डिप्लोमा कर रहा था. मंगलवार को दोनों अपने घर से निकले और फिर वापस नहीं लौटे.

सूत्रों के अनुसार इन्‍होंने गुपचुप तरीके से शादी कर ली और ये बात इनके परिवारों को किसी तरह से पता चल गई.

निधि का परिवार बुधवार को उससे संपर्क करने में कामयाब रहा और उसे वापस आने के लिए मनाने में सफल रहा. लेकिन बाद में दोनों के शव मिले.

पुलिस सूत्रों ने बताया कि लड़के के परिवार वाले लड़की के घरवालों के ख़िलाफ़ शिक़ायत दर्ज करने में हिचकिचा रहे थे इसलिए “हमें ख़ुद ही मामला दर्ज करना पड़ा.”

पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि कहीं हत्या में लड़के के परिवार की भी सहमति तो नहीं थी.

पुलिस ने इस मामले में तीन लोगों- लड़की के पिता रविन्द्र, मां रीता और चाचा नरेन्द्र को गिरफ्तार किया है.

हरियाणा में खाप पंचायत के नियमों के अनुसार एक ही गांव या समुदाय में शादी करने की अनुमति नहीं है.

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मीडिया दरबार के मॉडरेटर 1979 से पत्रकारिता से जुड़े हैं. एक साप्ताहिक से शुरूआत के बाद अस्सी के दशक में स्वतंत्र पत्रकार बतौर खोजी पत्रकारिता में कदम रखा, हिंदी के अधिकांश राष्ट्रीय अख़बारों में हस्ताक्षर. उसी दौरान राजस्थान के अजमेर जिले के एक सशक्त राजनैतिक परिवार द्वारा एक युवती के साथ किये गए खिलवाड़ पर नवभारत टाइम्स के लिए लिखी रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार श्री मिलाप चंद डंडिया की पुस्तक "मुखौटों के पीछे - असली चेहरों को उजागर करते पचास वर्ष" में भी संकलित की गयी है. कुछ समय के लिए चौथी दुनियां के मुख्य उपसंपादक रहे किन्तु नौकरी कर पाने के लक्खन न होने से तेईस दिन में ही चौथी दुनिया को अलविदा कह आये. नब्बे के दशक से पिछले दशक तक दूरदर्शन पर समसामयिक विषयों पर प्रायोजित श्रेणी में कार्यक्रम बनाते रहे. अब वैकल्पिक मीडिया पर सक्रिय.