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मायावती पर मेहरबान यूपीए सरकार, सुपर बंगले की सौगात…

By   /  November 7, 2013  /  2 Comments

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लोकसभा के मुख्य चैंबर से छह गुना बड़ा मायावती का बंगला…24 बेडरूम, 12 सर्वेंट क्‍वार्टर, 6 गैरेज … तीन बंगलों को मिला कर दी गई ‘सुपरबंगले’ की शक्‍ल….

बसपा प्रमुख और यूपी की पूर्व मुख्‍यमंत्री मायावती को दिल्‍ली में लोकसभा के मेन चेम्‍बर से छह गुना बड़ा बंगला आवंटित किया गया है. यूपी की सत्‍ता से हटने के बाद राज्‍यसभा की सदस्‍य बनने वाली मायावती के लिए दिल्‍ली के पॉश इलाके लुटियन जोन में आवंटित तीन बंगलों को ‘सुपरबंगले’ की शक्‍ल दिया जा रहा है. केंद्रीय लोक निर्माण विभाग ने इस ‘सुपरबंगले’ को हरी झंडी भी दे दी है.राजधानी में गुरुद्वारा रकाबगंज रोड पर 12, 14 और 16 नंबर के बंगले मायावती को आवंटित किए गए थे. अब इन तीनों को मिलाकर एक ‘सुपरबंगला’ बनाया जा रहा है. हालांकि, बसपा सुप्रीमो के नाम पर 4, गुरुद्वारा रकाबगंज रोड का बंगला भी आवंटित है और यह बंगला इन तीनों बंगलों से अलग है. बंगलों के लिए नगर निगम द्वारा आवंटित 14 और 16 नंबरों को खत्‍म कर दिया गया है. अब इस सुपरबंगले का पता होगा- 12, गुरुद्वारा रकाबगंज रोड.maya

मायावती के लिए चार-चार बंगले आवंटित करने के बावजूद शहरी विकास मंत्रालय इस विवाद से बचने की कोशिश में है कि नियमों के मुताबिक एक शख्‍स के नाम चार-चार बंगले नहीं आवंटित किए जा सकते हैं. क्‍योंकि मायावती के लिए आवंटित चार बंगलों में एक उनके नाम है जबकि तीन अन्‍य को मिलकर एक सिंगल यूनिट के तौर पर बहुजन प्रेरणा ट्रस्‍ट के नाम आवंटित कर दिया गया है. मायावती के लिए आवंटित किए गए ये तीन बंगले टाईप 8 हैं. ऐसे बंगले मंत्रियों और सचिवों को आवंटित किए जाते हैं. ऐसा बंगला 8250 वर्ग फीट के दायरे में फैला होता है जिसमें 1970 वर्ग फीट में आवास बना होता है. ऐसे बंगले में आठ बेडरूम, चार सर्वेंट क्‍वार्टर और दो गैरेज शामिल होते हैं. ऐसे बंगले में आगे और पीछे लॉन भी होते हैं.

गौरतलब है कि लोकसभा का मेन चैम्‍बर अर्द्ध-वृत्‍ताकार होता है और इसका फ्लोर एरिया करीब 4800 वर्ग फीट का है लेकिन मायावती का सुपरबंगला इससे छह गुना बड़ा होगा. मायावती के सुपरबंगले में टाईप 8 कैटेगरी के तीन बंगले हैं. ऐसे में सुपरबंगले का कुल प्‍लॉट एरिया 24 हजार 750 वर्ग फीट, आवास के लिए 5910 वर्ग फीट का इलाका, 24 बेडरूम, 12 सर्वेंट क्‍वार्टर और 6 गैरेज होंगे.Mayawati

हरी विकास मंत्रालय के संपदा निदेशालय ने मायावती को लिखे खत में जानकारी दी है कि गुरुद्वारा रकाबगंज रोड स्थित बंगला नंबर 14 और 16 को 12 नंबर बंगले के साथ मिलाकर एक सिंगल यूनिट का बंगला बहुजन प्रेरणा ट्रस्‍ट के नाम आवंटित किया गया है. 14 और 16 नंबर बंगला मायावती को बसपा प्रमुख होने के नाते आवंटित किया गया था. खत में यह भी कहा गया है कि इस नए बंगले के लिए 27 जुलाई 2007 को आवं‍टन से जुड़े मूल पत्र में लिखी शर्तें ही लागू होंगी. मंत्रालय के अधिकारियों का कहना है कि नई दिल्‍ली के लुटियन जोन में स्थित सरकारी बंगलों किसी तरह के बदलाव की इजाजत नहीं है. लेकिन, दस्‍तावेजों के मुताबिक सभी तीन बंगलों में गैरकानूनी कंस्‍ट्रक्‍शन हुए हैं.

बहुजन प्रेरणा ट्रस्‍ट की हैसियत से मायावती को आवंटित 14 नंबर बंगले में करीब 200 वर्ग मीटर के दायरे में गैरकानूनी कंस्‍ट्रक्‍शन हुआ है. इसके तहत बंगले के पीछे की तरफ बंगले के आकार का बरामदा और एक तरफ चार कमरे शामिल हैं.

इसी तरह, बंगला नंबर 12 में करीब 238 वर्ग मीटर के दायरे में गैरकानूनी कंस्‍ट्रक्‍शन करते हुए फाइबर शीट्स के साथ कमरे, दफ्तर, टॉयलेट और किचन बनाए गए हैं. बंगला नंबर 16 में गैरकानूनी कंस्‍ट्रक्‍शन कर एसी शीट्स के साथ कमरे और टॉयलेट, एक एसी स्‍टील शेड के साथ तीन अन्‍य कमरे और एक बाथरूम बनाया गया है.

इस तरह करीब 300 वर्ग मीटर के दायरे में गैर कानूनी कंस्‍ट्रक्‍शन हुआ है. इसी बंगले में 180.5 वर्ग मीटर में स्‍टील और मेटल से बना टिन शेड भी है जो अस्‍थायी गैरकानूनी कंस्‍ट्रक्‍शन है.

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  • Published: 4 years ago on November 7, 2013
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  • Last Modified: November 7, 2013 @ 2:11 pm
  • Filed Under: राजनीति

About the author

मीडिया दरबार के मॉडरेटर 1979 से पत्रकारिता से जुड़े हैं. एक साप्ताहिक से शुरूआत के बाद अस्सी के दशक में स्वतंत्र पत्रकार बतौर खोजी पत्रकारिता में कदम रखा, हिंदी के अधिकांश राष्ट्रीय अख़बारों में हस्ताक्षर. उसी दौरान राजस्थान के अजमेर जिले के एक सशक्त राजनैतिक परिवार द्वारा एक युवती के साथ किये गए खिलवाड़ पर नवभारत टाइम्स के लिए लिखी रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार श्री मिलाप चंद डंडिया की पुस्तक “मुखौटों के पीछे – असली चेहरों को उजागर करते पचास वर्ष” में भी संकलित की गयी है. कुछ समय के लिए चौथी दुनियां के मुख्य उपसंपादक रहे किन्तु नौकरी कर पाने के लक्खन न होने से तेईस दिन में ही चौथी दुनिया को अलविदा कह आये. नब्बे के दशक से पिछले दशक तक दूरदर्शन पर समसामयिक विषयों पर प्रायोजित श्रेणी में कार्यक्रम बनाते रहे. अब वैकल्पिक मीडिया पर सक्रिय.

2 Comments

  1. mahendra gupta says:

    सरकार बनाने चलने के लिए एक मोहरा तो हाथ में रहना चाहिए. मुलायम का क्या पता हालाँकि टेक्स मामलों में उनकी गर्दन भी मरोड़ने का विकल्प है पर फिर भी वह पाला बदलने में माहिर हैं व धमकी देने में भी. मायावती को केवल अपनी चिंता है, उन्हें सुविधाएँ दिए रखो फिर कोई दिकत नहीं. इसलिए यह सब तो करना ही होगा. सरकार भी कोई अपनी पार्टी कि जेब से कर नहीं रही , जनता का पैसा है लुटाये रखो.

  2. सरकार बनाने चलने के लिए एक मोहरा तो हाथ में रहना चाहिए. मुलायम का क्या पता हालाँकि टेक्स मामलों में उनकी गर्दन भी मरोड़ने का विकल्प है पर फिर भी वह पाला बदलने में माहिर हैं व धमकी देने में भी. मायावती को केवल अपनी चिंता है, उन्हें सुविधाएँ दिए रखो फिर कोई दिकत नहीं. इसलिए यह सब तो करना ही होगा. सरकार भी कोई अपनी पार्टी कि जेब से कर नहीं रही , जनता का पैसा है लुटाये रखो.

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