/प्रियंका चोपड़ा ने अपने एक्स-बॉयफ्रेंड असीम मर्चेंट को दिया कानूनी नोटिस..

प्रियंका चोपड़ा ने अपने एक्स-बॉयफ्रेंड असीम मर्चेंट को दिया कानूनी नोटिस..

बॉलिवुड ऐक्ट्रेस प्रियंका चोपड़ा ने अपने एक्स-बॉयफ्रेंड असीम मर्चेंट को कानूनी नोटिस भेजा है. असीम मर्चेंट प्रियंका के एक्स-मैनेजर प्रकाश जाजू को लेकर एक फिल्म बना रहे हैं. प्रियंका के मुताबिक यह फिल्म उनकी पर्सनल और प्रोफेशनल लाइफ के इर्द-गिर्द फिल्माई जा रही है. इस बात से खफा ने प्रियंका ने मर्चेंट को नोटिस भेजा है, जिसकी एक कॉपी प्रकाश जाजू को भी भेजी गई है.Priyanka_Chopra

यह नोटिस प्रियंका के वकील आनंद देसाई की ओर से भेजा गया है. नोटिस में कहा कहा है कि उनकी क्लाइंट (प्रियंका चोपड़ा) जाजू की बायॉपिक के बहाने उनकी निजी जीवन को विषय बनाने की खबरों से शॉक्ड हैं. नोटिस में मर्चेंट को सूचित करते हुए कहा गया है कि उनकी यह हरकत उनकी क्लाइंट यानी प्रियंका चोपड़ा की निजता के अधिकार का उल्लंघन और उनकी प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाने वाला होगा. मर्चेंट से फिल्म के प्रमोशन में प्रियंका से जुड़ी चीजों का इस्तेमाल न करने को कहा गया है. मर्चेंट से इसके लिए प्रियंका से बिना शर्त माफी मांगने को भी कहा गया है.

गौरतलब है कि मर्चेंट प्रियंका के इंडस्ट्री में शुरुआती दौर पर फिल्म बना रहे हैं. प्रियंका के बॉयफ्रेंड रहे असीम मर्चेंट ने अपना प्रॉड्क्शन हाउस लॉन्च किया है. असीम इस फिल्म को प्रियंका के एक्स-मैनेजर प्रकाश जाजू की बायॉपिक बता रहे हैं. 2004 में जाजू और प्रियंका का फॉलआउट हो गया था. इसके बाद 2008 में जाजू को 67 दिनों की जेल भी हो गई थी. प्रियंका की तरफ से उनकी फैमिली को धमकाने के सिलसिले में जाजू के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवा दी गई थी.

असीम प्रियंका को उनके मॉडलिंग के दिनों से ही जानते हैं. बकौल असीम मर्चेंट फिल्म उन सब लोगों के बारे में होगी, जो प्रियंका के साथ काम करते वक्त जाजू से इंटरैक्ट करते थे. जब यह पूछा कि इससे प्रियंका अपसेट नहीं होंगी, तो उन्होंने कहा कि उनकी और प्रियंका की असोसिएशन खत्म हो चुकी है और उन्होंने अपना प्रॉड्क्शन हाउस फिल्म बनाने के लिए खोला है. वहीं, जाजू ने कहा कि उन्हें असीम की फिल्म से कोई प्रॉब्लम नहीं है.

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मीडिया दरबार के मॉडरेटर 1979 से पत्रकारिता से जुड़े हैं. एक साप्ताहिक से शुरूआत के बाद अस्सी के दशक में स्वतंत्र पत्रकार बतौर खोजी पत्रकारिता में कदम रखा, हिंदी के अधिकांश राष्ट्रीय अख़बारों में हस्ताक्षर. उसी दौरान राजस्थान के अजमेर जिले के एक सशक्त राजनैतिक परिवार द्वारा एक युवती के साथ किये गए खिलवाड़ पर नवभारत टाइम्स के लिए लिखी रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार श्री मिलाप चंद डंडिया की पुस्तक "मुखौटों के पीछे - असली चेहरों को उजागर करते पचास वर्ष" में भी संकलित की गयी है. कुछ समय के लिए चौथी दुनियां के मुख्य उपसंपादक रहे किन्तु नौकरी कर पाने के लक्खन न होने से तेईस दिन में ही चौथी दुनिया को अलविदा कह आये. नब्बे के दशक से पिछले दशक तक दूरदर्शन पर समसामयिक विषयों पर प्रायोजित श्रेणी में कार्यक्रम बनाते रहे. अब वैकल्पिक मीडिया पर सक्रिय.