/नेस वाडिया ने प्रीती जिंटा से की छेड़छाड़..

नेस वाडिया ने प्रीती जिंटा से की छेड़छाड़..

बॉलिवुड ऐक्ट्रेस और आईपीएल टीम किंग्स इलेवन पंजाब की को-ओनर प्रीति जिंटा ने टीम के अन्य को-ओनर नेस वाडिया पर उनसे छेड़छाड़ का आरोप लगाया है. इस बारे में बाकायदा पुलिस के पास शिकायत दर्ज कराई गई है. प्रीति की इस शिकायत के बाद महिला संगठनों ने नेस वाडिया के खिलाफ 24 घंटे के अंदर सख्त कार्रवाई की मांग की है.preity-zinta-and-ness-wadia

नेस को अरेस्ट करो..

महाराष्ट्र के राज्य महिला आयोग की सदस्य रिचा वाघ ने नेस वाडिया को गिरफ्तार करने की मांग की है. वहीं राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष ममता शर्मा ने कहा कि इस मामले की जांच की जाए, ताकि सच सामने आ सके. उद्योगपति नेस वाडिया प्रीति के मंगेतर रहे हैं, हालांकि बाद में दोनों अलग हो गए थे. जब दोनों साथ थे, उसी दौरान उन्होंने आईपीएल टीम में हिस्सेदारी खरीदी थी.

प्रीति बोलीं, मेरे लिए यह कठिन वक्तः प्रीति जिंटा ने नेस के खिलाफ केस दर्ज कराने के बाद बयान जारी करते हुए कहा कि उनके लिए यह बेहद कठित वक्त है. उन्होंने कहा कि उनका मकसद खुद का बचाव करना है न कि किसी को हर्ट करना.
प्रीति की ओर से मरीन ड्राइव थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है. प्रीति ने आरोप लगाया है कि 30 मई को किंग्स इलेवन पंजाब और चेन्नै सुपर किंग्स के बीच मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेले गए आईपीएल मैच के दौरान नेस ने उनके साथ छेड़छाड़ की. आरोपों के मुताबिक नेस ने प्रीति का हाथ पकड़ा और सबके सामने बदसलूकी की. उन्होंने यह भी आरोप लगाया है कि दोनों के ब्रेकअप के बाद भी नेस कई बार उन्हें परेशान करते थे.

नेस ने किया आरोपों से इनकार..

नेस वाडिया ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है. वाडिया ने कहा कि उन पर लगाए गए आरोप झूठे और बेनुनियाद हैं. उन्होंने कहा कि वह इन आरोपों से परेशान और स्तब्ध हैं. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक नेस ने इस मामले पर अपने कानूनी सलाहकारों से बात की है.

इस बीच मीडिया में आ रही खबरों के मुताबिक यह घटना वानखेड़े स्टेडियम के वीआईपी बॉक्स में घटी थी. यहां प्रीति जिंटा अपने बॉडीगार्ड्स के साथ मौजूद थीं. बताया जा रहा है कि बॉक्स में नेस अपनी गर्लफ्रेंड और पैरंट्स के साथ थे.

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मीडिया दरबार के मॉडरेटर 1979 से पत्रकारिता से जुड़े हैं. एक साप्ताहिक से शुरूआत के बाद अस्सी के दशक में स्वतंत्र पत्रकार बतौर खोजी पत्रकारिता में कदम रखा, हिंदी के अधिकांश राष्ट्रीय अख़बारों में हस्ताक्षर. उसी दौरान राजस्थान के अजमेर जिले के एक सशक्त राजनैतिक परिवार द्वारा एक युवती के साथ किये गए खिलवाड़ पर नवभारत टाइम्स के लिए लिखी रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार श्री मिलाप चंद डंडिया की पुस्तक "मुखौटों के पीछे - असली चेहरों को उजागर करते पचास वर्ष" में भी संकलित की गयी है. कुछ समय के लिए चौथी दुनियां के मुख्य उपसंपादक रहे किन्तु नौकरी कर पाने के लक्खन न होने से तेईस दिन में ही चौथी दुनिया को अलविदा कह आये. नब्बे के दशक से पिछले दशक तक दूरदर्शन पर समसामयिक विषयों पर प्रायोजित श्रेणी में कार्यक्रम बनाते रहे. अब वैकल्पिक मीडिया पर सक्रिय.