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दिल्ली में तीन मंजिला इमारत धराशायी..

By   /  June 28, 2014  /  No Comments

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राजधानी दिल्ली में एक तीन मंजिला इमारत धराशायी हो गई. इस हादसे में 20 से ज्यादा लोगों के फंसे होने की जानकारी मिली है. जबकि इमारत से आठ लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है. जबकि घायल हुए लोगों को पास के ही अस्पताल में भर्ती करा दिया गया है. मौके पर राहत-बचाव दल राहत कार्य में जुटा हुआ है.delhi-building-collapse

मामला उत्तरी दिल्ली के इंद्रलोक इलाके का है. एक पुरानी 3 मंजिला इमारत आज सुबह 9 बजे के आसपास गिर गई. जब इमारत गिरी उस समय इमारत में 20 से ज्यादा लोगों के होने की खबर थी. इमारत में पांच से छह परिवार रहते थे. हादसे के वक्त कुछ परिवारों के लोग अपने काम पर चले गए थे. इमारत से बाहर निकाले गए आठ लोगों में कुछ बच्चे और बुजुर्ग शामिल हैं. इस हादसे में 20 से भी ज्यादा लोगों के इमारत में फंसे होने की आशंका जताई जा रही है. दमकल की कई गाड़ियां मौके पर मौजूद हैं.

दिल्ली के चीफ फायर ऑफिसर एके शर्मा ने बताया कि इमारत से आठ लोगों को बाहर निकाल लिया गया है. इमारत में अभी भी तीन से चार लोगों के फंसे होने की आशंका है. कर्मचारी इमारत का मलवा हटाने में लगे हैं. इमारत में किसी के मारे जाने की कोई खबर नहीं है. हालांकि कुछ केजुअल्टी है. जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है.

गौरतलब है कि पुरानी दिल्ली में भी कुछ दिनों पहले एक पुरानी इमारत गिरी थी. जिसमें तीन लोगों की मौत हो गई थी.

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  • Published: 3 years ago on June 28, 2014
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  • Last Modified: June 28, 2014 @ 11:56 am
  • Filed Under: देश

About the author

मीडिया दरबार के मॉडरेटर 1979 से पत्रकारिता से जुड़े हैं. एक साप्ताहिक से शुरूआत के बाद अस्सी के दशक में स्वतंत्र पत्रकार बतौर खोजी पत्रकारिता में कदम रखा, हिंदी के अधिकांश राष्ट्रीय अख़बारों में हस्ताक्षर. उसी दौरान राजस्थान के अजमेर जिले के एक सशक्त राजनैतिक परिवार द्वारा एक युवती के साथ किये गए खिलवाड़ पर नवभारत टाइम्स के लिए लिखी रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार श्री मिलाप चंद डंडिया की पुस्तक “मुखौटों के पीछे – असली चेहरों को उजागर करते पचास वर्ष” में भी संकलित की गयी है. कुछ समय के लिए चौथी दुनियां के मुख्य उपसंपादक रहे किन्तु नौकरी कर पाने के लक्खन न होने से तेईस दिन में ही चौथी दुनिया को अलविदा कह आये. नब्बे के दशक से पिछले दशक तक दूरदर्शन पर समसामयिक विषयों पर प्रायोजित श्रेणी में कार्यक्रम बनाते रहे. अब वैकल्पिक मीडिया पर सक्रिय.

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