कृपया अपनी खबरें, सूचनाएं या फिर शिकायतें सीधे [email protected] पर भेजें | इस वेबसाइट पर प्रकाशित लेख लेखकों, ब्लॉगरों और संवाद सूत्रों के निजी विचार हैं। मीडिया के हर पहलू को जनता के दरबार में ला खड़ा करने के लिए यह एक सार्वजनिक मंच है। पाठक चाहे आलेखों से सहमत हों या असहमत, किसी भी लेख पर टिप्पणी करने को स्वतंत्र हैं। हम उन टिप्पणियों को बिना किसी भेद-भाव के निडरता से प्रकाशित भी करते हैं चाहे वह हमारी आलोचना ही क्यों न हो। आपसे अनुरोध है कि टिप्पणियों की भाषा संयत एवं शालीन रखें -मॉडरेटर

दलित RTI कार्यकर्ता पर हुआ जानलेवा हमला..

दलित कार्यकर्ता के बाल काटे और जबरन पिशाब पिलाया.. भूमाफियों के साथ लड़ रहा था लड़ाई.. रामगढ कस्बे का मामला..

 

-सिकन्दर शेख़॥

जैसलमेर, पूरे देश में एक और जहां पत्रकारों पर हमले बढ़ गए हैं वहीँ RTI कार्यकर्ताओं पर भी जानलेवा हमलों की ख़बरें सुनने को मिल रही है. उसी कड़ी में आज जैसलमेर के रामगढ़ कस्बे में बाबुराम चौहान नाम के एक दलित शिक्षक और RTI कार्यकर्ता पर भूमाफियों ने जानलेवा हमला कर उसकी टाँगे तोड़ दी साथ ही उसके बाल काट कर उसको जबरन पेशाब भी पिलाया गया. पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है.IMG-20150711-WA0069

बाबुराम काफी वक़्त से रामगढ़ कस्बे में भूमाफियों के खिलाफ लड़ाई लड़ रहा था. आज हुए जानलेवा हमले में वो गंभीर रूप से घायल हो गया तथा उसको तत्काल रामगढ़ से जैसलमेर रेफर किया गया जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसको गुजरात रेफर कर दिया गया. घटना की गम्भीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक राजीव पचार अस्पताल पहुंचे और बाबू राम से घटना की जानकारी ली. पीसीसी सचिव रूपा राम धनदेव , उम्मेद सिंह तंवर और जिला प्रमुख जैसलमेर अंजना मेघवाल भी अस्पताल पहुंची तथा बाबु राम के हाल चाल जाने तथा साथ ही बड़ी संख्या में RTI कार्यकर्ता वहाँ इकठे हुए तथा इस हमले की निंदा की तथा साथ ही RTI कार्यकर्ताओं को पुलिस सुरक्षा देने की मांग भी की. RTI कार्यकर्ता अशोक भाटी ने बताया कि इन हमलों की ज़िम्मेदारी प्रशासन की है क्योंकि RTI कार्यकर्ता को पुलिस सुरक्षा देना ज़रूरी है मगर यहाँ इस तरह के हालत है फिर भी कोई नहीं सुनता है.
घटना की जानकारी देते बाबु राम ने बताया कि वो काफी समय से इन भूमाफियों के खिलाफ लड़ाई लड़ रहा है तथा उसको बार बार धमकी भी मिलती रही थी मगर आज उन लोगों ने नकाब दाल मुझ पर हमला किया तथा मेरे बाल काटे मुझे जबरन पेशाब भी पिलाया और मेरे पैर तोड़ डाले , लेकिन मैं बच गया हूँ और आगे भी इस तरह की मुहीम चलता रहूँगा मैं डरने वाला नहीं हूँ.

Facebook Comments

संबंधित खबरें:

  • संबंधित खबरें उपलब्ध नहीं

Shortlink:

पाठक चाहे आलेखों से सहमत हों या असहमत, किसी भी लेख पर टिप्पणी करने को स्वतंत्र हैं. हम उन टिप्पणियों को बिना किसी भेद-भाव के निडरता से प्रकाशित भी करते हैं चाहे वह हमारी आलोचना ही क्यों न हो. आपसे अनुरोध है कि टिप्पणियों की भाषा संयत एवं शालीन रखें - मॉडरेटर