Loading...
You are here:  Home  >  राजनीति  >  Current Article

मतदाताओं ने काम से आग लगाने वालों को पहचान लिया..

By   /  February 11, 2020  /  No Comments

    Print       Email
इस खबर को अपने मित्रों से साझा करें..

-संजय कुमार सिंह।।

झारखंड चुनाव प्रचार के दौरान प्रधानमंत्री ने सीएए के खिलाफ लगी आंदोलनों की आग के मद्देनजर कहा था कि आग लगाने वाले कपड़ों से पहचाने जा सकते हैं। मतदाताओं ने सरकार के काम से आग लगाने वालों को पहचान लिया है और झारखंड के बाद अब दिल्ली में भी भाजपा का पत्ता साफ हो गया। चुनाव में हार-जीत लगी रहती है और मतदाताओं को खुश करना इतना आसान नहीं है कि आप कुछ बोल कर या करके चुनाव जीत जाएं। उनकी अपनी अपेक्षा होती है और काम को देखने का अपना नजरिया भी।

ऐसे में दिल्ली का चुनाव बहुत महत्वपूर्ण था। आम आदमी पार्टी तो काम के दम पर जीतने की उम्मीद में थी पर भाजपा ने जो काम किए हैं उसके अलावा भी कोई कसर नहीं छोड़ा। योगी आदित्य नाथ जैसे मुख्यमंत्री और मनोज तिवारी जैसे प्रदेश अध्यक्ष के बीच हर तरह के नेता थे और हर तरह के काम हुए। दिल्ली की जनता ने टुकड़े-टुकड़े गैंग का साथ देने वालों ने सजा देनी चाहिए से लेकर जेएनयू में मारपीट और प्रचार के अंतिम दिन गार्गी कॉलेज में उत्पात सब देखा। अपराधियों का नहीं पकड़ा जाना इसमें शामिल है।

इसके बावजूद आम आदमी पार्टी की जीत में कोई खास फर्क नहीं पड़ा। पिछले विधानसभा चुनाव के मुकाबले उसकी सीटें जरूर बढ़ गईं पर लोक सभा चुनाव के मुकाबले उसकी सीटें कम हुई हैं। इसमें सबसे महत्वपूर्ण है, मनीष सिसोदिया का हारते-हारते जीत जाना। उनकी पतली हालत देखकर मुझे लगा कि भाजपा ने उन्हें हराने की खास व्यवस्था की थी। कई बार बड़े नेता को हराना ज्यादा सुकून देता है और आसान भी होता है। उनके खिलाफ वोट होते हैं। पर भाजपा को इसमें भी कामयाबी नहीं मिली।

इसमें दिलचस्प यह है कि ऐन मतदान से एक दिन पहले सीबीआई ने दिल्ली सचिवालय में तैनात एक अधिकारी को दो लाख रुपये के रिश्वत केस में गिरफ्तार किया। गिरफ्तार अधिकारी दिल्ली के डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया के ओएसडी हैं। यह खबर ऐन मतदान के दिन छपी। पहले तो ऐसी खबरों से सरकार को फायदा होता था और मनीष सिसोदिया को इसका घाटा होना चाहिए था। पर केंद्र में भाजपा की सरकार बनने के बाद से यह सब इतना घिसा-पिटा लगने लगा है कि कोई नहीं मानेगा कि यह सरकारी चाल नहीं थी। और मुमकिन है, मनीष सिसोदिया को इसका फायदा मिला हो और वे हारते-हारते जीत गए हों।

राम भक्तों ने अरविन्द केजरीवाल को हनुमान भक्त बना दिया। इसकी बधाई उन्हें जरूर दी जा सकती है पर मनीष सिसोदिया जैसे अधिकारी के ओएसडी के खिलाफ सीबीआई का छापा चुनाव में काम देखकर वोट डालने के काम आया हो तो कोई आश्चर्य की बात नहीं है।

Facebook Comments

इस खबर को अपने मित्रों से साझा करें..
    Print       Email

About the author

मीडिया दरबार के मॉडरेटर 1979 से पत्रकारिता से जुड़े हैं. एक साप्ताहिक से शुरूआत के बाद अस्सी के दशक में स्वतंत्र पत्रकार बतौर खोजी पत्रकारिता में कदम रखा, हिंदी के अधिकांश राष्ट्रीय अख़बारों में हस्ताक्षर. उसी दौरान राजस्थान के अजमेर जिले के एक सशक्त राजनैतिक परिवार द्वारा एक युवती के साथ किये गए खिलवाड़ पर नवभारत टाइम्स के लिए लिखी रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार श्री मिलाप चंद डंडिया की पुस्तक "मुखौटों के पीछे - असली चेहरों को उजागर करते पचास वर्ष" में भी संकलित की गयी है. कुछ समय के लिए चौथी दुनियां के मुख्य उपसंपादक रहे किन्तु नौकरी कर पाने के लक्खन न होने से तेईस दिन में ही चौथी दुनिया को अलविदा कह आये. नब्बे के दशक से पिछले दशक तक दूरदर्शन पर समसामयिक विषयों पर प्रायोजित श्रेणी में कार्यक्रम बनाते रहे. अब वैकल्पिक मीडिया पर सक्रिय.

पाठक चाहे आलेखों से सहमत हों या असहमत, किसी भी लेख पर टिप्पणी करने को स्वतंत्र हैं. हम उन टिप्पणियों को बिना किसी भेद-भाव के निडरता से प्रकाशित भी करते हैं चाहे वह हमारी आलोचना ही क्यों न हो. आपसे अनुरोध है कि टिप्पणियों की भाषा संयत एवं शालीन रखें - मॉडरेटर

Manisa escort Tekirdağ escort Isparta escort Afyon escort Çanakkale escort Trabzon escort Van escort Yalova escort Kastamonu escort Kırklareli escort Burdur escort Aksaray escort Kars escort Manavgat escort Adıyaman escort Şanlıurfa escort Adana escort Adapazarı escort Afşin escort Adana mutlu son

You might also like...

हारी हुई कांग्रेस को लेना चाहिए नेहरू की बातों से सबक..

Read More →
Eyyübiye escort Fatsa escort Kargı escort Karayazı escort Ereğli escort Şarkışla escort Gölyaka escort Pazar escort Kadirli escort Gediz escort Mazıdağı escort Erçiş escort Çınarcık escort Bornova escort Belek escort Ceyhan escort Kutahya mutlu son
Page Reader Press Enter to Read Page Content Out Loud Press Enter to Pause or Restart Reading Page Content Out Loud Press Enter to Stop Reading Page Content Out Loud Screen Reader Support
WhatsApp chat
%d bloggers like this: