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गूगल एक जीबी प्रति सेकेंड की डाउनलोड स्पीड के साथ इन्टरनेट बाज़ार में…

By   /  July 29, 2012  /  3 Comments

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इंटरनेट की दुनिया के शहंशाह गूगल ने शनिवार को दुनिया की सबसे तेज स्पीड की इंटरनेट सर्विस गूगल फाइबर शुरू की है. इसकी स्पीड एक गीगाबाइट प्रति सेकंड है. ऑप्टिकल फाइबर के उपयोग से मिलने वाली यह स्पीड दुनिया में लगभग सभी जगहों पर उपलब्ध इंटरनेट सर्विस से ज्यादा तेज है. इस स्पीड से 10 सेकंड में एक फिल्म डाउनलोड की जा सकती है. गूगल फाइबर प्रथम चरण में अमेरिका के कन्सास शहर में उपलब्ध होगी तथा धीरे धीरे इसे अन्य शहरों तक पहुंचा दिया जायेगा.
सबसे मज़ेदार बात यह है कि आज हम ब्रॉडबैंड के ज़रिये जिस औसत स्पीड के लिए भुगतान करके भी उसे पूरे तौर पर नहीं पाते उससे अधिक स्पीड गूगल फाइबर अपने ग्राहकों को आजीवन मुफ्त उपलब्ध करवाएगा. गूगल के इन्टरनेट सर्विस प्रदाता बाज़ार में इस धमाकेदार प्रवेश ने इस बाज़ार के बड़े बड़े खिलाडियों के होश उड़ा दिए हैं.
गूगल के मुख्य फाइनैंस ऑफिसर पैट्रिक पिशेते ने बताया, ‘इसे लोगों तक पहुंचाना अगला कदम है और हम इसे फायदे में रहते हुए करने वाले हैं. हमारी यही योजना है. उन्होंने कहा, ‘हम एक चौराहे पर हैं. उन्होंने कहा कि 2000 से अभी तक इंटरनेट की स्पीड ब्रॉडबैंड को आधार मान कर मापी जाती थी. पिशेते ने कहा, ‘गूगल में हमारा मानना है कि इंतजार करने की कोई जरूरत नहीं है.’
वैसे भारत में फाइबर टू होम सेवा भी शुरू हो चुकी है मगर यह सेवा सीमित तौर पर ही उपलब्ध है. मगर जहाँ उपलब्ध है वहां भी स्पीड कुछ खास नहीं. कारण कि भारत में इन्टरनेट बैंडविड्थ की कीमत सरकारी नीतियों के कारण बहुत ही ज्यादा है. सिर्फ हैदराबाद ही भारत का अकेला शहर है जहाँ इन्टरनेट अच्छी स्पीड के साथ कम मूल्य पर उपलब्ध है.
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About the author

मीडिया दरबार के मॉडरेटर 1979 से पत्रकारिता से जुड़े हैं. एक साप्ताहिक से शुरूआत के बाद अस्सी के दशक में स्वतंत्र पत्रकार बतौर खोजी पत्रकारिता में कदम रखा, हिंदी के अधिकांश राष्ट्रीय अख़बारों में हस्ताक्षर. उसी दौरान राजस्थान के अजमेर जिले के एक सशक्त राजनैतिक परिवार द्वारा एक युवती के साथ किये गए खिलवाड़ पर नवभारत टाइम्स के लिए लिखी रिपोर्ट वरिष्ठ पत्रकार श्री मिलाप चंद डंडिया की पुस्तक “मुखौटों के पीछे – असली चेहरों को उजागर करते पचास वर्ष” में भी संकलित की गयी है. कुछ समय के लिए चौथी दुनियां के मुख्य उपसंपादक रहे किन्तु नौकरी कर पाने के लक्खन न होने से तेईस दिन में ही चौथी दुनिया को अलविदा कह आये. नब्बे के दशक से पिछले दशक तक दूरदर्शन पर समसामयिक विषयों पर प्रायोजित श्रेणी में कार्यक्रम बनाते रहे. अब वैकल्पिक मीडिया पर सक्रिय.

3 Comments

  1. Pushpendra Salvi says:

    like

  2. best becoming in market.
    Ram Balak Roy.

  3. थे स्पीड ऑफ़ इन्टरनेट नीद तो मैच सुइताब्ले फॉर थे सिस्टम्स ओं व्हिच इनर नेट इस कोन्नेक्टेद , ओं लैंड लाइन माक्स स्पीड ऑफ़ ५०० कभ इस गिवें बी बीएसएनएल, सो हविंग सच फास्ट स्पीड ऑफ़ इंटर नेट माय नोट बे सुइताब्ले तो लैंड lines

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