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झूठे अहंकार की खातिर..
उत्तर प्रदेश में भाजपा सरकार के तीन साल पूरे होने पर मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ने अपनी सरकार की उपलब्धियों का लंबा-चौड़ा बखान किया और कहा कि प्रदेश में लोकतांत्रिक मूल्यों और आदर्शों पर आम जन का विश्वास खत्म हो रहा था, उसे बहाल करते हुए उसे सुशासन की तरफ ले जाने में सफलता मिली है। […]
Read More →दैनिक जागरण की यह खबर दूसरे अखबारों में क्यों नहीं है?
-संजय कुमार सिंह।। आज के हिन्दी अखबारों में सिर्फ दैनिक जागरण ने खबर छापी है, “ईरान में 250 भारतीय कोरोना वायरस की चपेट में” हैं। हिन्दी के जो अखबार मैं देखता हूं उनमें ज्यादातर ने भारत में कोरोना की स्थिति से संबंधित खबर को लीड बनाया है और इसमें खास बात यह है कि देश […]
Read More →शताब्दी में समोसे की मानहानि..
-मुकेश नेमा।। अब कोई जीभ का मारा हर बार ,बार बार ,लगातार समोसा कैसे खा सकता है ! भोपाल नई दिल्ली शताब्दी मे चढ़िये ! ये दोपहर तीन बजे हबीबगंज से दिल्ली के लिये रवाना होती है ! आप चढ़ते है ,अपनी सीट तलाशते है ,सामान को सीट के ऊपर लगे रैक पर ठिकाने लगाते […]
Read More →जनता की उम्मीद न टूटे..
राज्यसभा में सीटें बढ़ाने के लिए भाजपा और कांग्रेस दोनों जोर आजमाईश कर रहे हैं, जिसके कारण देश में सियासी हलचल तेज हो गई है और अब राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने पूर्व मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई का नाम राज्यसभा के लिए मनोनीत कर इस हलचल को और बढ़ा दिया है। सेवानिवृत्ति के बाद सरकार की […]
Read More →रंजन गोगोई को लताड़ा मदन बी लोकुर ने..
-पंकज चतुर्वेदी।। देश के पूर्व मुख्य न्यायाधीश (CJI) जस्टिस रंजन गोगोई को राज्यसभा में नामांकित किए जाने पर उनके पूर्व सहयोगी जस्टिस (रिटायर्ड) मदन बी लोकुर ने तीखी प्रतिक्रिया दी है.द इंडियन एक्सप्रेस से जस्टिस लोकुर ने कहा,कुछ समय से अटकलें लगाई जा रही थीं कि जस्टिस गोगोई को क्या सम्मान मिलेगा,तो ऐसे में उनका […]
Read More →संघ से बचपन में ही निजात पा ली थी..
-विष्णु नागर।। संघी अगर जवाहर लाल नेहरू को इतना गरियाते हैं तो उसके ठोस कारण हैं। उस जमाने में बड़े हो रहे करोड़ों भारतीयों में मैं भी एक हूँ, जो नेहरू जी के कारण संघ में जाने से बाल -बाल बच गया। संघ एक अच्छे स्वयंसेवक से वंचित हो गया! मैं वीर रस का कवि […]
Read More →हिन्दी अखबारों में रंजन गोगोई के नामांकन को सही बताने की कोशिश..
-संजय कुमार सिंह।। आज के अखबारों में सबसे बड़ी और महत्वपूर्ण खबर है, सुप्रीम कोर्ट के पूर्व मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई को राज्यसभा के लिए मनोनीत किया जाना। हिन्दी अखबारों की खबरें पढ़ने से लगता है कि वह नियुक्ति कैसे जायज है और उसके पक्ष में रंगनाथ मिश्र को कांग्रेस के जमाने में राज्यसभा के […]
Read More →कोरोना से समझें विज्ञान का महत्व..
पूरी दुनिया में इस वक्त कोरोना वायरस का खौफ तारी हो चुका है। विश्व स्वास्थ्य संगठन इसे महामारी घोषित कर ही चुका है और अब दुनिया के तमाम देशों ने इसे गंभीरता से लेते हुए रोकथाम की कोशिशें शुरु कर दी हैं। वैसे अब जो उपाय किए जा रहे हैं, वह आग लगने के बाद […]
Read More →इस कोरोना-तिहार पर क्या-क्या करना ही चाहिए, यह तो सोचें…
-सुनील कुमार बुरा वक्त कई जरूरी बातों को सोचने का वक्त, मौका, और वजह देता है। अब जैसे आज चारों तरफ इंसानी जिंदगी कोरोना की दहशत और चौकन्नेपन से घिर गई है, तो बहुत से लोग यह भी सोच रहे हैं कि उन्हें कोरोना हुआ तो क्या होगा? कई लोग सोशल मीडिया पर यह सवाल […]
Read More →जड़ से खत्म हो बीमारी..
मध्यप्रदेश में कमलनाथ बने रहेंगे या कमल खिलेगा, ये सवाल इस वक्त सियासी गलियारों में जोर-शोर से गूंज रहा है। जबकि कायदे से सवाल यह उठना चाहिए था कि क्या देश में एक बार फिर संसदीय जनतंत्र का मखौल बनाने वाले कामयाब हो जाएंगे या संवैधानिक दायित्वों की थोड़ी बहुत मर्यादा बची रहेगी? शनिवार को […]
Read More →देश View All →
क्या शाहीनबाग आंदोलन अपना तेज खो रहा है.?
-पंकज चतुर्वेदी।। अब मेरी यह स्पष्ट धारणा बनती जा रही है कि शाहीनबाग और उसकी तर्ज पर खड़े आंदोलन अपनी दिशा और तेज खो रहे हैं । इन सभी आंदोलनों को गृह मंत्री ने जब राज्यसभा में आश्वस्त किया उसी दिन इसे अपनी जीत मानकर एक बड़े जलसे के साथ में समाप्त कर देना था […]
Read More →सीएए के बाद एन आर सी जरूर आएगा..
-विष्णु नागर।। किसी भ्रम में न रहें कि नागरिकता संशोधन कानून( सी ए ए) के बाद राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एन आर सी) नहीं आएगा।यह बात गृहमंत्री अमित शाह ने संसद में भी बड़े विश्वास से कही थी।राष्ट्रपति ने भी अपने अभिभाषण में यह कहा था।फिर विवाद बढ़ता देख प्रधानमंत्री ने ठंडा पानी डालने के लिए […]
Read More →मजदूरों को जिंदा रखने के लिए सीएम योगी की पहल..
-सुनील कुमार।। किसने सोचा था कि एक ऐसा दिन आएगा जब उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का भी कोई ऐसा फैसला आएगा कि जिसकी तारीफ लिखनी पड़ेगी। उन्होंने ट्विटर पर घोषणा की है कि कोरोना वायरस के बुरे असर के चलते रोजी-मजदूरी करने वाले परिवारों के जीने में दिक्कत न हो इसलिए प्रदेश सरकार ने […]
Read More →चेहरा पहचानने वाली अमित शाह की टेक्नालॉजी को पछाड़ दे रही है वर्दी..
वीडियो क्लिप में उत्पीड़कों को देखा जा सकता है पर केस ‘अज्ञात लोगों’ के खिलाफ है.. -संजय कुमार सिंह।। आज द टेलीग्राफ में प्रकाशित इमरान अहमद सिद्दीक की खबर – 23 साल के फैजान की हत्या के लिए पुलिस ने ‘अज्ञात लोगों’ के खिलाफ मामला दर्ज किया है। वीडियो क्लिप में दिल्ली की सड़क पर […]
Read More →हमें हिन्दू-मुस्लिम परोस रहे हैं और पूंजीपतियों को धन..
-विष्णु नागर।। हम पर फालतू की खुशियाँ और फालतू के गम बहुत लाद दिए जाते हैं और हमारी भी ‘खासियत’ यह है कि हम खुशी- खुशी उन्हें अपने ऊपर लदवा भी लेते हैं।किसी और देश से भारत की क्रिकेट टीम फायनल में आकर भी हार जाए तो हम पर वज्रपात हो जाता है और जीत […]
Read More →घमण्ड तो रावण का भी टूट गया, सत्ताधीशों..
-विष्णु नागर।। अजीब बात है। कश्मीर का मामला हो या सीएए का,देश के लोग इसे उठाएँ तो देशद्रोही हो जाएँ। उन्हें जेल में बंद कर दिया जाए,पूरे कश्मीर को जेल बना दिया जाए।सीएए का सवाल उठाएँ तो शांतिपूर्ण धरना तक न देने दिया जाए।प्रधानमंत्री लोगों को कपड़ों के रंग से पहचानने लग जाएँ, गृहमंत्री करंट […]
Read More →इनकी बू, उनकी बू..
-संजय कुमार सिंह।। आइए देखें अजीब सी बू किसे कब और क्यों आती है द टेलीग्राफ ने लिखा है, दिल्ली शहर में कुछ तो सड़ गया है पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह ने कहा था कि देश में राष्ट्रवाद के विचार और भारत माता की जय के नारे का दुरुपयोग हो रहा है। मनमोहन सिंह […]
Read More →उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में नंगा आतंकराज..
सीएए-एनआरसी के विरोध में मीटिंग कर रहे नौजवान भारत सभा के कार्यकर्ताओं को घर में घुसकर पुलिस ने उठाया !! देहरादून के पटेलनगर थाना क्षेत्र के ब्राह्मणवाला इलाके में क़ल शाम को एक स्थानीय नागरिक के घर पर नौजवान भारत सभा के कार्यकर्ता सीएए-एनआरसी के बारे में लोगों को बताने और एनपीआर का बहिष्कार करने […]
Read More →दबाव में कोयले को हीरा बनते देखा था, अब हीरे को कोयला..
-सुनील कुमार।। दिल्ली में भाजपा की कुछ नेताओं के बयानों को नफरत की आग करार देते हुए उसके खिलाफ दायर की गई याचिका की सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने आज एक अभूतपूर्व और हैरान करने वाली बेबसी दिखाई है। मुख्य न्यायाधीश एस.ए.बोबड़े ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट शांति चाहता है, लेकिन हिंसा पर काबू […]
Read More →भाजपा के मुस्लिम नेता भी दंगे से नहीं बचे, खबर नदारद..
-संजय कुमार सिंह।। आज के द टेलीग्राफ में पहले पन्ने पर दो कॉलम में एक ठीक-ठाक लंबी खबर है, भाजपा अल्पसंख्यक सेल के उपाध्यक्ष का घर फूंक दिया। मैंने शीर्षक से समझा कि यह बंगाल की खबर होगी। और उसपर ध्यान नहीं दिया। फिर हिन्दुस्तान की साइट पर एक शीर्षक नजर आया, दिल्ली हिंसा में […]
Read More →राजनीति View All →
आज का दौर और पंडित नेहरु..
-पंकज चतुर्वेदी।। पंडित नेहरु वे भारतीय नेता थे जो आज़ादी की लडाई के दौरान और उसके बाद अपनी मृत्यु तक सत्ता में भी साम्प्रदायिकता , अंध विश्वास से लड़ते रहे- पार्टी के भीतर भी और बाहर भी . एक तरफ जिन्ना की सांप्रदायिक राजनीती थी तो उसके जवाब में कांग्रेस का बड़ा वर्ग हिन्दू राजनीति […]
Read More →अमित शाह दिल्ली पुलिस का बचाव क्यों कर रहे हैं?
-संजय कुमार सिंह।। आज हिन्दुस्तान टाइम्स में यह खबर पढ़कर मुझे इतनी हंसी आई कि आज अखबार नहीं पढ़ने का कोटा पूरा हो गया। अमूमन अखबारों में पढ़ने, हंसने या जानने के लिए कुछ ढूंढ़ना पड़ता है और मुझे अक्सर वह सब द टेलीग्राफ में मिलता है। आज हिन्दुस्तान टाइम्स ने इसे प्रमुखता से उपलब्ध […]
Read More →मसाने की इस होली में कौन किसे दिगम्बर कहे!
ज्योतिरादित्य सिंधिया के भारतीय जनता पार्टी में चले जाने का मामला पूरी तरह से उनके निर्णय लेने के अधिकार से संबंधित है। फिर, यह दलबदल का कोई पहला मामला तो नहीं है; और न ही वह अंतिम होने जा रहा है। भारत का लोकतांत्रिक व राजनैतिक इतिहास दलबदल के छोटे-बड़े अनगिन किस्सों का गवाह रहा […]
Read More →सिंधिया के भाजपा जाने के मायने, कांग्रेस के लिए, भाजपा के लिए भी..
-सुनील कुमार।। हाल के वक्त में देश में एक सबसे बड़ा दलबदल ज्योतिरादित्य सिंधिया का हुआ जो कि कांग्रेस छोड़कर भाजपा में चले गए। कांग्रेस छोडऩा एक अलग बात होती, कांग्रेस पार्टी तो शरद पवार और संगमा ने भी छोड़ी थी, ममता बैनर्जी ने भी छोड़ी थी, और जगन मोहन रेड्डी ने भी छोड़ी थी। […]
Read More →पैंट उतारकर धर्म जांचने वालों के लिए ज्ञान बकौल द टेलीग्राफ..
-संजय कुमार सिंह।। दिल्ली दंगों पर कल, ‘होली के बाद’ संसद में चर्चा हुई। जब सब कुछ हो लिया तो संसद में गृहमंत्री ने बताया कि दंगों में 52 भारतीय मरे, 526 भारतीय जख्मी हुए। उन्होंने कहा कि धर्म के आर पर उनमें भेदभाव नहीं किया जाए। अंग्रेजी अखबार द टेलीग्राफ ने इसे अमितशाह की […]
Read More →बेवफाई का बहाना..
कुछ तो मजबूरियां रहीं होंगी, यूँ ही कोई बेवफा नहीं होता, शायर बशीर बद्र का यह शेर बहुत अच्छा है, लेकिन इसकी आड़ में बेवफाई को सही नहीं ठहराया जा सकता। वफादारी शर्तों से बंधी नहीं हो सकती। नैतिकता का यह तकाजा, निस्वार्थ, बिना किसी लोभ के निभाया जाना चाहिए। और यह बात ज्योतिरादित्य सिंधिया […]
Read More →भाजपा कितनी बुरी है
-संजय कुमार सिंह।। भाजपा उच्च स्तर पर झूठ बोलने वालों की पार्टी है। झूठ बोलने का पूरा तामझाम है, पार्टी के लिए झूठ फैलाने का काम करने वाले लोग जाने-पहचाने हैं और उनकी झूठ की पोल कई बार खुल चुकी है। मीडिया को गोदी में कर लिया गया है और सोशल मीडिया पर झूठ फैलाने […]
Read More →ज्योतिरादित्य सिंधिया के कांग्रेस छोड़ने का मतलब..
-संजय कुमार सिंह।। ज्योतिरादित्य अगर सिर्फ कांग्रेस छोड़ते तो यह माना जा सकता था कि पार्टी में उनकी उपेक्षा हो रही थी और पर्याप्त सम्मान नहीं मिल रहा था इसलिए उन्होंने पार्टी छोड़ दी। इसमें कोई बुराई नहीं थी। सामान्य बात थी। कोई भी पार्टी किसी व्यक्ति को उसकी अपेक्षा के अनुसार सम्मान दे या […]
Read More →कुछ भी बोल देने वाले चौकीदारों की टोली
-संजय कुमार सिंह।।केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने शनिवार (07 मार्च 20) को पुणे के बीजे मेडिकल कॉलेज में ‘जन औषधि दिवस’ के मौके पर कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार द्वारा उठाए गए कड़े सुरक्षा कदमों के कारण पिछले छह साल में देश में एक भी बम विस्फोट नहीं हुआ। सूचना एवं प्रसारण मंत्री ने कहा, […]
Read More →घावों पर मरहम की बजाय पुन : एसिड का लेप
केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कोलकाता में एक रैली को संबोधित करते हुए एक बार फिर से स्पष्ट कर दिया है कि नागरिकता संशोधन कानून का चाहे कोई कितना भी विरोध कर ले, केन्द्र सरकार इससे पीछे हटने वाली नहीं है। इसमें नई बात कुछ भी नहीं है। अनेक मौकों पर शाह के अलावा […]
Read More →सोशल मीडिया View All →
मोदीजी का नया तमाशा..
गंभीर से गंभीर मुद्दे का तमाशा कैसे बनाया जा सकता है, यह मौजूदा सरकार और उसके मुखिया यानी मोदीजी से सीखना चाहिए। जब देश के युवा उनसे रोजगार की आस लगाए बैठे थे, तो वे टीवी स्टूडियो के नीचे पकौड़ा तलने को भी रोजगार बता रहे थे। जब किसान उनसे राहत की उम्मीद कर रहे […]
Read More →ऐसे व्हाट्सऐप्प फॉर्वार्ड से बचिए-बचाइए..
-संजय कुमार सिंह।। मेरे पास एक व्हाट्सऐप्प फॉर्वार्ड आया है जिसे भेजने वाली एक महिला हैं, दिल्ली के दो अच्छे स्कूलों में बड़े बच्चों को पढ़ा चुकी हैं। एमए, पीएचडी पर अब रिटायर हैं। बच्चों की शादी हो चुकी है। बेटा विदेश में है। यह सब इसलिए कि उन्होंने जो संदेश मुझे फॉर्वार्ड किया उसे […]
Read More →एक नए अराजक औजार ने किस तरह बदलकर रख दिया पुराने अहंकारी मीडिया को..
-सुनील कुमार।। सोशल मीडिया को लोग देश और दुनिया के अमन-चैन को खत्म करने वाला मान लेते हैं, और बहुत से लोगों को यह गलतफहमी भी रहती है कि वॉट्सऐप मैसेंजर भी एक सोशल मीडिया है। मैसेंजर तो एक के संदेश को दूसरे तक पहुंचाता है, और वॉट्सऐप जैसे ग्रुप में भी बस उसी ग्रुप […]
Read More →पहले विश्वास करें, फिर इस्तेमाल करें..
-सुनील कुमार।।दुनिया में जब सोशल मीडिया का इस्तेमाल बढ़ा, तो एक लतीफा चल निकला कि अमरीकी सरकार ने सीआईए का बजट छोटा काट दिया है कि अब लोग खुद होकर अपने बारे में इतना कुछ लिखने लगे हैं कि अधिक जासूसी की तो जरूरत ही नहीं रह गई। मानो इतना ही काफी नहीं था, तो […]
Read More →गार्गी कॉलेज में लड़कियों के साथ हुई बदतमीजी के चलते सोशल मीडिया पर हंगामा..
दिल्ली के गार्गी कॉलेज के वार्षिक समारोह में छात्राओं के साथ कुछ बाहरी लोगों द्वारा की गई अश्लील हरकतों के कारण देशभर में हंगामा मच गया है और सोशल मीडिया के यूजर्स इस मसले पर काफी क्रोधित नज़र आ रहे हैं. मानवाधिकारों के लिए काम करने वाले संस्कृतिकर्मी अजित साहनी ने अपनी वाल पर पोस्ट […]
Read More →हिंसक होने का नहीं बल्कि गांधी के रास्ते चलने का वक़्त है..
-सौरभ वाजपेयी।। हमारे जैसे लोग और संगठन CAA और NRC के विरोध में इसलिए उतरे हैं कि यह हमारे देश और उसके संविधान की आत्मा के विरुद्ध साजिश है। हम इसलिए नहीं आये कि कोई भी अनियंत्रित भीड़ पागल होकर बसें जलाने लगे और पुलिस पर पत्थर बरसाने लगे। राज्य यही चाहता है कि आप […]
Read More →अमित शाह का इस्तीफा क्यों नहीं होना – चाहिए पर पाठकों की राय
-संजय कुमार सिंह॥ सीबीआई जज बीएच लोया की संदिग्ध मौत, उसके कारण, प्रभाव आदि पर जब विवाद हो गया और सारी चीजें खुल कर सामने आ गईं तथा यह तय हो गया कि इस मामले की जांच फिर से कराए जाने पर सुप्रीम कोर्ट में विचार होगा तो मैंने लिखा था की जब शक की […]
Read More →झूठ-सच बोलकर गुब्बारे में बैठ गए, हमें देखिए, जमीन पर ही हैं..
-उषा पंडित की फेसबुक पोस्ट – हिंदी अनुवाद: संजय कुमार सिंह|| प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 2014 में जब चुनाव प्रचार कर रहे थे तो उन्होंने आयकर खत्म करने को मुश्किल संभावना कहा था। इसके साथ गुजरात में उनके बहुत काम करने या परिश्रमी होने की अफवाहों तथा मंदिर के मुकाबले शौचालयों को महत्वपूर्ण बना दिए जाने […]
Read More →मी लार्ड ! भगवान करे आपसे किसी का पाला ना पड़े..
–राकेश कायस्थ॥ उन दिनों मैं एक बच्चा पत्रकार हुआ करता था। रिपोर्टर के तौर पर मेरे पास जो बीट्स थी, उनमें MRTP comission भी शामिल था। अंग्रेजी में monopolies and ristrictive treade practices comission, हिंदी नाम— प्रतिबंधित और एकाधिकार व्यापार व्यवहार आयोग। कमीशन का दफ्तर दिल्ली के शाहजहां रोड पर था, जहां उसकी अपनी अदालत […]
Read More →नीलोत्पल मृणाल ने फ़ेसबुक पर जिग्नेश मेवानी को लिखा खुला ख़त..
जिग्नेश मेवानी, सॉरी! तुमने अचानक से निराश किया।तुम्हें ताज़ा ताज़ा आज तक न्यूज़ के एक कार्यक्रम में सुना।अच्छा नही लगा। साथी एक तो मुझ साधारण को जिसे बमुश्किल कुछ सौ दो सौ लोग एक दो कारणों से जानते होंगे,उसमें भी सारे नही भी। पर जितने जानते होंगे उसमें भी आधे आज से मुझे, संघी हो […]
Read More →नज़रिया View All →
झूठे अहंकार की खातिर..
उत्तर प्रदेश में भाजपा सरकार के तीन साल पूरे होने पर मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ने अपनी सरकार की उपलब्धियों का लंबा-चौड़ा बखान किया और कहा कि प्रदेश में लोकतांत्रिक मूल्यों और आदर्शों पर आम जन का विश्वास खत्म हो रहा था, उसे बहाल करते हुए उसे सुशासन की तरफ ले जाने में सफलता मिली है। […]
Read More →जनता की उम्मीद न टूटे..
राज्यसभा में सीटें बढ़ाने के लिए भाजपा और कांग्रेस दोनों जोर आजमाईश कर रहे हैं, जिसके कारण देश में सियासी हलचल तेज हो गई है और अब राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने पूर्व मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई का नाम राज्यसभा के लिए मनोनीत कर इस हलचल को और बढ़ा दिया है। सेवानिवृत्ति के बाद सरकार की […]
Read More →रंजन गोगोई को लताड़ा मदन बी लोकुर ने..
-पंकज चतुर्वेदी।। देश के पूर्व मुख्य न्यायाधीश (CJI) जस्टिस रंजन गोगोई को राज्यसभा में नामांकित किए जाने पर उनके पूर्व सहयोगी जस्टिस (रिटायर्ड) मदन बी लोकुर ने तीखी प्रतिक्रिया दी है.द इंडियन एक्सप्रेस से जस्टिस लोकुर ने कहा,कुछ समय से अटकलें लगाई जा रही थीं कि जस्टिस गोगोई को क्या सम्मान मिलेगा,तो ऐसे में उनका […]
Read More →कोरोना से समझें विज्ञान का महत्व..
पूरी दुनिया में इस वक्त कोरोना वायरस का खौफ तारी हो चुका है। विश्व स्वास्थ्य संगठन इसे महामारी घोषित कर ही चुका है और अब दुनिया के तमाम देशों ने इसे गंभीरता से लेते हुए रोकथाम की कोशिशें शुरु कर दी हैं। वैसे अब जो उपाय किए जा रहे हैं, वह आग लगने के बाद […]
Read More →इस कोरोना-तिहार पर क्या-क्या करना ही चाहिए, यह तो सोचें…
-सुनील कुमार बुरा वक्त कई जरूरी बातों को सोचने का वक्त, मौका, और वजह देता है। अब जैसे आज चारों तरफ इंसानी जिंदगी कोरोना की दहशत और चौकन्नेपन से घिर गई है, तो बहुत से लोग यह भी सोच रहे हैं कि उन्हें कोरोना हुआ तो क्या होगा? कई लोग सोशल मीडिया पर यह सवाल […]
Read More →बाकी भीड़ तो घट गई, लेकिन शराबी-धक्का-मुक्की का क्या?
-सुनील कुमार।। दुनिया भर में आज कोरोना को लेकर जिस तरह का खतरा खड़ा हुआ है, ऐसा इसके पहले किसी दूसरे मौके पर याद नहीं पड़ता। लेकिन इसके साथ-साथ इस वायरस को फैलने से रोकने के लिए जिस दर्जे की सावधानी बरती जा रही है, वैसी सावधानी भी पहले कभी याद नहीं पड़ती। दूसरे कई […]
Read More →राजनीतिक होली..
-आरिफा एविस।। हर साल की तरह इस बार भी माघ के बाद फाल्गुन लग चुका था. मौसम का मिज़ाज क्या बदला राजनीतिक मिजाज भी बदल गया पर अपना मिज़ाज जैसा था वैसा ही रहा बिलकुल विपक्ष की तरह. जैसे-जैसे रात छोटी हुई अपनी नींद भी बड़ी होने लगी. रात और नींद का रिश्ता भी चोली […]
Read More →सच क्या है..
दुनिया भर में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस चर्चा में रहा। गूगल के डूडल से लेकर सोशल मीडिया तक पर महिला दिवस छाया रहा। भारत में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने तो एक हफ्ते पहले ही ऐलान कर दिया था कि वे इस दिन अपना सोशल मीडिया एकाउंट महिलाओं को समर्पित करेंगे। आज 7 महिलाओं ने उनके सोशल […]
Read More →तरह-तरह की खाल ओढ़े ऐसे और भी मासूम दिखते हमले होते ही रहेंगे देश में..
-सुनील कुमार।। दुनिया के इतिहास में बहुत से लोग धूमकेतु की तरह आते हैं, तेजी से आते हैं, छा जाते हैं, और गायब भी हो जाते हैं। भूमंडल के धूमकेतु का तो नहीं मालूम, लेकिन धरती पर ऐसे लोग एक मकसद भी पूरा करते हैं जो कि जाहिर तौर पर उनका मकसद नहीं दिखता। हाल […]
Read More →किसकी और कैसी राज्यसभा, जब जरूरत ही खत्म हो गई हो..
-सुनील कुमार।।उत्तर-पूर्व की एक महिला पत्रकार ने फेसबुक पर पोस्ट किया है कि मेघालय से राज्यसभा के लिए एक ऐसे व्यक्ति को मनोनीत किया गया है जिसने मुसीबतों के इस दौर में एक शब्द भी नहीं बोला था, अब अगले छह बरस दिल्ली में वह एक मौन सांसद बने रहेगा। उत्तर-पूर्व की ऐसी निराशा देश […]
Read More →अपराध View All →
जान और नियम ताक पर रखकर हो रहा है यूपी एमपी में अवैध बालू परिवहन ..
बालू ढुलाई का नशा ऐसा कि ज़िन्दगी की परवाह नहीं करते ट्रैक्टर चालक.. बाँदा, हमीरपुर से अधिक एमपी में केन नदी बनी अवैध बालू निकासी का गढ़.. -आशीष सागर दीक्षित।। बाँदा / महोबा / छतरपुर। लाल बालू के काले खेल मे जान और नियम दोनो को ताक पर रखकर बालू चोर अवैध परिवहन को अंजाम […]
Read More →विश्व हिन्दू महासभा के अध्यक्ष की हत्या स्मृति और दीपेंद्र ने की थी..
-श्याम मीरा सिंह।। विश्व हिंदू महासभा के अध्यक्ष रणजीत बच्चन की हत्या का मामला सुलझ चुका है. इंडिया टूडे और आजतक ने रिपोर्ट की है कि रणजीत बच्चन का हत्या, किसी और ने नहीं बल्कि उसकी दूसरी पत्नी स्मृति और उसके बॉयफ्रेंड दीपेंद्र ने की है। दरअसल रंजीत बच्चन और उसकी दूसरी पत्नी स्मृति के […]
Read More →यूट्यूबर गुंजा कपूर बुर्का पहन स्टिंग करने पहुँची शाहीन बाग़..
बुर्का (Burqa) पहन कर आईं गुंजा कपूर (Gunja Kapoor) शाहीन बाग में प्रदर्शन (Shaheen Bagh Protest) के दौरान वहां की कुछ महिलाओं से बातचीत कर रही थीं. इस दौरान महिलाओं को उन पर शक हुआ जिसके बाद पुलिस (Delhi Police) को बुलाकर उन्हें वहां से बाहर किया गया. पुलिस ने गुंजा को हिरासत में लेकर […]
Read More →राष्ट्रपति मैडल से सम्मानित डीएसपी आतंकवादियों के साथ गिरफ्तार..
–पंकज चतुर्वेदी।। अपनी बहादुरी के लिए राष्ट्रपति मैडल से सम्मानित जम्मू कश्मीर पुलिस के एक अधिकारी को शनिवार को दो आतंकियों के साथ श्रीनगर-जम्मू हाईवे पर एक गाड़ी में सफर करते वक्त पकड़ा गया. पुलिस सूत्रों ने बताया कि ये आतंकी दिल्ली जा रहे थे. संवेदनशील श्रीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर तैनात डीएसपी दविंदर सिंह […]
Read More →क़ातिलों को सज़ा दिलवाने कनाडा से 89 वीं बार भारत आया बेटा, 16 साल पहले हुई थी माँ की हत्या..
“मैं अपनी माँ को न्याय दिलाने के लिए 16 साल से भटक रहा हूँ”.. आरोपी सुभाष अग्रवाल के ख़िलाफ़ है इंटरपोल रेड कॉर्नर नस, वो टोरंटो क्षेत्र में एक कनाडाई नागरिक के रूप में रहता है मुम्बई: 16 साल में 89वीं बार, वैंकूवर (कनाडा) के व्यवसायी संजय गोयल अपनी माँ की हत्या के ख़िलाफ़ न्याय […]
Read More →बिजनौर में 6 पुलिसकर्मियों पर हत्या का मामला दर्ज..
सीएए के विरोध को लेकर नहटौर उपद्रव के नौवें दिन पुलिस ने तत्कालीन थाना इंचार्ज व एक दरोगा समेत छह पुलिसकर्मियों के खिलाफ सुलेमान की हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस ने यह कार्रवाई मृतक सुलेमान के भाई की तहरीर पर की है। -पंकज चतुर्वेदी।। नहटौर में 20 दिसंबर को हुए बवाल में गोलीबारी […]
Read More →धारा 144 जमानती अपराध है लेकिन पुलिस बना रही पोस्टर बॉय..
-पंकज चतुर्वेदी।। बीस दिसम्बर को देश के कई हिस्सों के साथ गाज़ियाबाद में हुयी दुर्भाग्यपूर्ण अशांति अब यहाँ की पुलिस के लिए सोने का अंडा देने वाली मुर्गी बन गयी है , जिले के विभिन्न थानों में दर्ज सात एफ़आईआर में कोई सात सौ नामज़द और कई हज़ार अज्ञात लोग दर्ज कर लिए गये हैं। […]
Read More →राजस्थान पुलिस ने पायल रोहतगी को किया गिरफ्तार..
-पंकज चतुर्वेदी।। हर समय बकवास करने वाली अभिनेत्री पायल रोहतगी को गिरफ्तार किया गया। पायल ने पंडित नेहरू के परिवार पर तथ्यहीन और अभद्र टिप्पणी की थी। उसे अहमदाबाद से राजस्थान की बूंदी पुलिस ने गिरफ्तार किया। बिग बॉस फेम अभिनेत्री पायल रोहतगी को बूंदी पुलिस ने मोती लालनेहरू पर वीडियो बनाने के मामले में […]
Read More →पुलिस का न्याय – आरोपी दबंग है तो पीड़िता की हत्या, आरोपी गरीब है तो एनकाउंटर..
आज गौहनिया बाजार में प्रगतिशील महिला संगठन ने समाज में बलात्कार की बढती घटनाओं, पीड़िताओं की हत्या एवं पुलिस द्वारा बलात्कारियों की रक्षा करने के विरोध में सभा कर रैली निकाली। हाथो में झण्डे व स्लोगन लिखी तख्तियां लिए सभा कर नारे लगाए व मांग की कि ‘‘बलात्कारियों को सजा देने की गारंटी करो‘‘, ‘‘नया […]
Read More →न वकील, न दलील, मारे गए जलील..
-कुमार सौवीर।। अगर आप इस जीवन-दर्शन को स्वीकार कर चुके हैं तो यकीन मानिए मौत अब आपके, आपके घर और परिवार-कुटुम्ब के दरवाजे तक पहुंच चुकी है। हम हैदराबाद गैंगरेप के चारों आरोपियों को आज पुलिस एनकाउंटर में मौत के हवाले किये जाने की पुलिसिया कार्रवाई पर बात कर रहे हैं। जहां महिलाएं पुलिसवालों को […]
Read More →व्यंग्य View All →
शताब्दी में समोसे की मानहानि..
-मुकेश नेमा।। अब कोई जीभ का मारा हर बार ,बार बार ,लगातार समोसा कैसे खा सकता है ! भोपाल नई दिल्ली शताब्दी मे चढ़िये ! ये दोपहर तीन बजे हबीबगंज से दिल्ली के लिये रवाना होती है ! आप चढ़ते है ,अपनी सीट तलाशते है ,सामान को सीट के ऊपर लगे रैक पर ठिकाने लगाते […]
Read More →संघ से बचपन में ही निजात पा ली थी..
-विष्णु नागर।। संघी अगर जवाहर लाल नेहरू को इतना गरियाते हैं तो उसके ठोस कारण हैं। उस जमाने में बड़े हो रहे करोड़ों भारतीयों में मैं भी एक हूँ, जो नेहरू जी के कारण संघ में जाने से बाल -बाल बच गया। संघ एक अच्छे स्वयंसेवक से वंचित हो गया! मैं वीर रस का कवि […]
Read More →किस किस को चाहिए वैलेंटाइन.?
-मुकेश नेमा।। तीसरी सदी की बात है ! रोम में तब के राजा क्लॉडियस को लगा कि शादी करने से पुरूषों की अकल और ताक़त दोनों ख़त्म हो जाते है ! ऐसा राजा को क्यों लगा ये बात आजतक साफ़ नहीं है ! हो सकता है ये राजा के निजी अनुभव रहे हों ! जो […]
Read More →प्रोमिस करने से पहले दिमाग थपथपा लें..
-मुकेश नेमा।। समझदार क़िस्म के बाबू आज के दिन से सबसे ज़्यादा डरते हैं ! प्रामिस कर बैठे आप तो फिर बचा क्या ! आप प्रामिस कर लें या प्रेम कर लें ! दोनों बातें एक साथ कभी मुमकिन रही नहीं कभी ! जो संवेदनशील क़िस्म के लड़के आज के दिन प्रामिस कर बैठते हैं […]
Read More →चोर के घर चोरी..
-मुकेश नेमा।। बैंक वाले बुरा ना मानें ! वो खुद चोर होते हैं ! क्रेडिट कार्ड के रखरखाव के नाम से ,मिनिमम बैलेंस के नाम से और भी दूसरे दर्जनों बहानों से पब्लिक का धन चुरा लिया जाता है ! यदि हमारी दयालु सरकार पाँच लाख तक जमा की ज़िम्मेदारी नहीं लेती तो बैंक वाले […]
Read More →ईरानी होटल सी बेनूर कांग्रेस…
-राजीव मित्तल।। वैशाली के जंगल में पीपल के पेड़ पर दो डालों के बीच में टिके बर्बरीक उर्फ बॉब और चैनली बाला के बीच 2004 में हुआ एक संवाद.. बॉब, ये बताओ कि कांग्रेस का ईरानी होटल से क्या कनेक्शन है!! चैनली, एओ ह्यम ने तो एक कमरे पर कांग्रेस का बोर्ड टांगा और अपना […]
Read More →नया भारत लिफ्ट वाले अदनान सामी का ही तो है..
-मुकेश नेमा।। अदनान को मिला ! ठीक मिला ! उनको लिफ़्ट मिली ! मिलना ही चाहिये थी ! वो सच्चे हक़दार है इसके ! वो हल्के होने के आंदोलन के अगुआ है ! कभी लंबा चौड़ा रह चुका यह आदमी अब केवल लंबा रह गया है ! पहली पहली बार जब देखे गये थे वो […]
Read More →ये जो मंगल मिसिर हैं, पसीने का प्यासा..
-कलीम अव्वल।। मैं अभी फ़ज्र की नमाज़ के लिए वुज़ू कर रहा था कि मिसराइन का काल आ गया. फून उठाया तो मिसराइन बिना भूमिका और बिना लोकाचार शुरू हो गयीं ; ” अरे तंजू बाबू जल्दी आवा, मिसिर पगला गयल बा. “ मैंने पूछा क्या हो गया # लेकिन उधर से फून कट गया […]
Read More →रोइये मत बल्कि हंसिये..
-विष्णु नागर।। थोड़ा हँस भी लिया करें यारोंं हम। हँसी का खजाना हमारे सामने खुला पड़ा है और हम हैं कि खुलकर हँस नहीं रहे हैं!हँसो यार,हँसो।अरे मैं सड़े हास्य सीरियलों की फेंफेंफें की बात नहीं कर रहा,फिल्मों के हिंसक मनोरंजन की बात नहीं कर रहा, फर्जी डिग्रीधारी की बात कर रहा हूँ। वह रोज […]
Read More →मुल्ला नसरुद्दीन और मोदी जी..
-विष्णु नागर।। मुल्ला नसरुद्दीन का नाम पहले सिर्फ़ नसरुद्दीन हुआ करता था। कुछ उसे प्यार से नसरू और कुछ मियां नसरुद्दीन कहा करते थे। नसरुद्दीन को लेकिन मुल्ला नसरुद्दीन बनने से बहुत पहले ही रोज -रोज नये -नये किस्से गढ़ने का बहुत शौक था बल्कि नशा- सा था। ताजा राजनीतिक हालात को वह फौरन किस्से […]
Read More →कला व साहित्य View All →
शताब्दी में समोसे की मानहानि..
-मुकेश नेमा।। अब कोई जीभ का मारा हर बार ,बार बार ,लगातार समोसा कैसे खा सकता है ! भोपाल नई दिल्ली शताब्दी मे चढ़िये ! ये दोपहर तीन बजे हबीबगंज से दिल्ली के लिये रवाना होती है ! आप चढ़ते है ,अपनी सीट तलाशते है ,सामान को सीट के ऊपर लगे रैक पर ठिकाने लगाते […]
Read More →संघ से बचपन में ही निजात पा ली थी..
-विष्णु नागर।। संघी अगर जवाहर लाल नेहरू को इतना गरियाते हैं तो उसके ठोस कारण हैं। उस जमाने में बड़े हो रहे करोड़ों भारतीयों में मैं भी एक हूँ, जो नेहरू जी के कारण संघ में जाने से बाल -बाल बच गया। संघ एक अच्छे स्वयंसेवक से वंचित हो गया! मैं वीर रस का कवि […]
Read More →Book Extracts : New India Mein Mandi Publisher Note..
-Swapnil Srivastav , CEO , NotNul CP JHA’S E-BOOK IN HINDI “NEW INDIA MEIN MANDI” IS FOOD FOR THOUGHT FOR MODERN POLICY MAKERS AND ANLYSTS”With GDP growth rate for 2019-20 having dipped to an estimated an alarming 5 per cent as against 6.8 per cent in FY19, India’s economy is in a pretty bad shape. The […]
Read More →काला धन का काला जादू..
पुस्तक अंश : न्यू इंडिया में मंदी.. अचानक बड़े ही नाटकीय अंदाज में 8 दिसंबर 2016 को रात आठ बजे भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजकीय टेलीविजन , दूरदर्शन से राष्ट्र को संबोधन में देश के 500 रूपये और 1000 रुपये के करेंसी नोटों के विमुद्रीकरण (नोटबंदी) की घोषणा कर उस कदम को उसी […]
Read More →पुस्तक अंश : न्यु इंडिया में मंदी : लेखकीय वक्तव्य..
-चंद्र प्रकाश झा (सुमन) ।। कुछ बातें: हमने मुंबई में बरसों तक आर्थिक-वित्तीय पत्रकारिता करने से बहुत पहले इन विषयों पर लिखने की शुरुआत इस पुस्तक में कालाधन पर शामिल आलेख से ही की थी.वो पहली बार 16 मई 1985 को पाक्षिक अखबार पींग (रोहतक , हरियाणा ) में छपा था.इसके संस्थापक-सम्पादक डी.आर.चौधरी दयाल सिंह […]
Read More →न्यू इंडिया में एयर इंडिया..
-चंद्र प्रकाश झा।। एयर इंडिया को बेचने की कोशिशें कई बार टांय-टांय फिस्स हो चुकी हैं. लेकिन मोदी सरकार ने एक बार फिर उसे बेचने की ठानी है. केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने नवम्बर 2019 में टाईम्स ऑफ इंडिया के साथ भेंटवार्ता में कहा कि सरकार चाहती है कि मार्च 2020 तक इसकी बिक्री […]
Read More →वह अज़ीब स्त्री..
-वीरेन्दर भाटिया।। लोग बताते हैं कि जवानी में वह बहुत सुन्दर स्त्री थी। हर कोई पा लेने की जिद के साथ उसके पीछे लगा था। लेकिन शादी उसने एक बहुत साधारण इंसान से की जिसका ना धर्म मेल खाता था, ना कल्चर। वह सुन्दर भी खास नहीं था और कमाता भी खास नहीं था। बहुत […]
Read More →किस किस को चाहिए वैलेंटाइन.?
-मुकेश नेमा।। तीसरी सदी की बात है ! रोम में तब के राजा क्लॉडियस को लगा कि शादी करने से पुरूषों की अकल और ताक़त दोनों ख़त्म हो जाते है ! ऐसा राजा को क्यों लगा ये बात आजतक साफ़ नहीं है ! हो सकता है ये राजा के निजी अनुभव रहे हों ! जो […]
Read More →प्रोमिस करने से पहले दिमाग थपथपा लें..
-मुकेश नेमा।। समझदार क़िस्म के बाबू आज के दिन से सबसे ज़्यादा डरते हैं ! प्रामिस कर बैठे आप तो फिर बचा क्या ! आप प्रामिस कर लें या प्रेम कर लें ! दोनों बातें एक साथ कभी मुमकिन रही नहीं कभी ! जो संवेदनशील क़िस्म के लड़के आज के दिन प्रामिस कर बैठते हैं […]
Read More →चोर के घर चोरी..
-मुकेश नेमा।। बैंक वाले बुरा ना मानें ! वो खुद चोर होते हैं ! क्रेडिट कार्ड के रखरखाव के नाम से ,मिनिमम बैलेंस के नाम से और भी दूसरे दर्जनों बहानों से पब्लिक का धन चुरा लिया जाता है ! यदि हमारी दयालु सरकार पाँच लाख तक जमा की ज़िम्मेदारी नहीं लेती तो बैंक वाले […]
Read More →गौरतलब View All →
जस्टिस गोगोई सारी मर्यादा भूल गए..
-चंद्र प्रकाश झा।। उत्तर आधुनिक महाभारत के मायने : छठी किश्त लोचा जस्टिस गोगोई का.. 1.भारत में किसी के भी सरकारी सेवा से सेवानिवृत्ति के बाद दो साल तक उस व्यक्ति को किसी भी पद पर नियुक्ति न करने का नियम है.इसे ‘ लॉक इन पीरियड ‘ कहते हैं.2. वर्ष 2014 में नरेंद्र मोदी सरकार […]
Read More →Why to abandon the Constitution of India..
Bharat for a new constitution of ‘New India.. -Chandra Prakash Jha।। Even before the Constituent Assembly of Independent India was constituted and it discussed, debated upon , formulated and finally passed draft of the Constitution of India that was adopted and came into full force with effect from 26 January 1950 , the country’s citizens […]
Read More →निराशा के अंधकार में जल उठे हैं आशाओ के हज़ारो दिये..
-चंद्र प्रकाश झा।। नागरिकता संशोधन अधिनियम (2019) , नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटिजंस (एनआरसी) और नेशनल रजिस्टर ऑफ पॉपुलेशन (एनआरपी) का देशव्यापी विरोध शुरू होने के बाद कुछेक आह्लादकारी बातें उभरी हैं.एक तो यह कि भारतीय संविधान की किताबों की रिकॉर्ड खरीद हो रही है.संविधान की किताब बेस्ट सेलर मान लिया गया है.भारत के संविधान की […]
Read More →उत्तर आधुनिक महाभारत के मायने :05 (दिल्ली हिंसा)
-चंद्र प्रकाश झा।। भारत के लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित सर्वप्रथम कम्युनिस्ट मुख्यमंत्री, ईएमएस नम्बूदरिपाद की लिखी एक किताब याद आती है।किताब का शीर्षक है: क्राइसिस इन टू केओस। यह शीर्षक भारत के मौजूदा उन हालात में बिल्कुल सटीक लगता है, जिनमें भारतीय संघ गणराज्य और उसकी राजसत्ता के संकटों के अर्थनीतिक, सामाजिक और राजनीतिक ही […]
Read More →शाहीन बाग: सरकार की मिट्टी पलीद न हो जाये..
-चंद्र प्रकाश झा।। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेतृत्व वाली नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस (एनडीए) की मोदी सरकार के नए बनाये नागरिकता संशोधन अधिनियम, 2019 (सीएए) और कांग्रेस के नेतृत्व वाली यूनाइटेड प्रोग्रेसिव अलायंस (यूपीए) सरकार द्वारा 2005 में लागू ‘ नेशनल सिटिज़नशिप रजिस्टर ‘ (एनसीआर) और नेशनल पॉपुलेशन रजिस्टर (एनपीआर) आदि के खिलाफ अपनी मांगों […]
Read More →उत्तर आधुनिक महाभारत के मायने-सुप्रीम कोर्ट:03
-चंद्र प्रकाश झा।। भारत के लोकतांत्रिक रूप से सर्वप्रथम निर्वाचित कम्युनिस्ट मुख्यमंत्री,ई.एम.एस.नम्बूदरिपाद की लिखी एक किताब याद आती है.किताब का शीर्षक है: क्राईसेस इनटू केओस.यह शीर्षक भारत के मौजूदा उन हालात में बिलकुल सटीक लगता है जिनमें भारतीय संघ गणराज्य और उसकी राजसत्ता के संकटो के अर्थनीतिक,सामाजिक और राजनीतिक ही नहीं, न्यायिक-संवैधानिक रूप भी गहराने […]
Read More →उत्तर-आधुनिक महाभारत के मायने: 02 :’ न्यू इंडिया ‘ में सुप्रीम कोर्ट
-चंद्र प्रकाश झा || ‘ न्यू इंडिया ‘ में मीडिया के अधिकतर हिस्से ने नए हुक्मरानों के सामने पहले ही घुटने टेक दिए हैं, जिसके साक्ष्य 16 वीं लोक सभा चुनाव के बाद 16 मई 2014 को केंद्र में पहली बार श्री नरेंद्र दामोदर मोदी की सरकार के गठन के उपरान्त लगातार मिलते रहे हैं. […]
Read More →उत्तर आधुनिक महाभारत के मायने:01 सुप्रीम कोर्ट..
-चंद्र प्रकाश झा || ” इंडिया दैट इज़ भारत ” गणराज्य की बरस 2020 की राजसत्ता और उसके पीछे के सत्ताधारी वर्ग के सामने संकट चौतरफा है, प्रधानमंत्री मोदी जी का ‘सब चंगा सी ‘का आलाप बेसुरा हैं. उसे गाने की कोशिश शायद बैसाखनंदन (गदहे) भी नहीं कर सकते हैं. सत्य यह है कि संकट एक नहीं अनेक हैं. वे आपस में इस कदर गुत्थमगुत्था हो गए […]
Read More →साझी दुनिया View All →
जुल्म जब हद से बढ़ जाता है वह बगावत को जन्म देता है, दिल्ली में हुई माहवारी-दावत..
-सुनील कुमार जब समाज के किसी तबके पर नाजायज हमला होता है, तो उससे बेइंसाफी के खिलाफ लोगों के खड़े होने की एक संभावना भी खड़ी होती है। अगर गुजरात में स्वामीनारायण सम्प्रदाय के चलाए जा रहे एक महिला कॉलेज की लड़कियों के साथ माहवारी को लेकर बदसलूकी न हुई होती, इस सम्प्रदाय के कॉलेज-इंचार्ज […]
Read More →क्या अब बेटियों के लिए शिक्षण संस्थान भी सुरक्षित नहीं..
-सत्येंद्र पीएस।। दिल्ली विश्वविद्यालय के तहत आता है गार्गी कॉलेज। इसमें सिर्फ लड़कियां पढ़ती हैं। जिस तरह से देश में हजारों इंटर और डिग्री कॉलेज लड़कियों के पढ़ने के लिए बनाया गया है, वैसे ही यह डिग्री कॉलेज भी है। देश के करीब हर इंटर और डिग्री कॉलेज में सालाना जलसे होते हैं, खेल कूद, […]
Read More →इंक़लाब के लिए उतरी महिलाओं के लिए इंक़लाब कौन करे..
-श्याम मीरा सिंह।। कल के फेसबुक लाइव में इन तस्वीरों को देखा. सूरत में ये औरतें शाहीनबाग की तरह सड़कों पर उतरीं हुईं हैं. चार औरतें स्टेज पर हैं, चारों एक विशेष परिधान से ढकी हुई, चारों आंख से लेकर, नाक, गला, हाथ, घुटने, सबपर काले कपड़े में तहबन्द. सामने सुनने वाली औरतों की भीड़ […]
Read More →नोएडा की मन्नत कौर ने जीता ” टीन यूनिवर्स एशिया” का ख़िताब, जीत चुकी हैं मिस टीन इंडिया यूनिवर्स
• नोएडा की बाला ने लहराया विश्व प्रतियोगिता में परचम • घरवालों का किया शुक्रिया • इसी महीने मन्नत जीत चुकी हैं मिस टीन इंडिया यूनिवर्स का ख़िताब •मेक्सिको ने जीता मिस टीन यूनिवर्स 2020 का ख़िताब* मध्य अमरीका के पनामा में एक जगमगाती शाम में भारत की सुंदरी मन्नत कौर ने टीन यूनिवर्स 2020 […]
Read More →सनी देओल जी एक बार फिर बोलो न-तारीख पे तारीख वाला प्रेरणादायक डायलॉग..
-राजीव मित्तल।। जी हाँ हिंदुस्तान के संपादकीय पृष्ठ के ऊपर के माले में छपे मैत्रेयी पुष्पा के लेख का सार हैदराबाद एनकाउंटर को ले कर यही है. उन्होंने कई तरह की पगडंडियों से गुजरने के बाद सीधे सीधे इस एनकाउंटर को सेल्यूट मार दिया यह कहते हुए कि अब इस देश की स्त्री को देश […]
Read More →सारे मर्द पिले पड़े हैं दुष्कर्म के खिलाफ, खुद के भीतर कोई नहीं झाँकता..
–हिना ताज़।। दिल में तो नहीं था कि कुछ लिखूं.. क्यों नहीं था इसकी ठीक ठीक वजह समझ नहीं आती.. शायद फर्क पड़ने वाला पॉइंट लूज़ है.. और उसमे झोल कि वजह यह सारे वर्चुअल क्रंदन हैं.. क्या है ना कि हमदर्दियों से नहीं बदलाव अपने अंदर झाँकने से आते हैं.. दुःख से नहीं उसकी […]
Read More →कन्याओं को दबोचो और मार डालो का जुनून..
-राजीव मित्तल।। हम लड़कियां खेल सकें जो खेल इसलिये उतरती है शाम उस खेल का नाम है गोल्लाछूट एक बार फिर मेरा मन होता है मैं भी खेलूं अभी भी कभी-कभी आकुल-व्याकुल होती हैं पांवों की उंगलियां धूल में धंस जाना चाहती हैं एड़ियां मेरा मन होता है जाऊं दुनिया की तमाम लड़कियां लगा दें […]
Read More →मेरा भी अपहरण और रेप हो सकता था.. अपूर्वा प्रताप सिंह
-अपूर्वा प्रताप सिंह॥ अप्रैल 2013 में मेरी बड़ी कज़िन बहन की शादी थी और तभी मेरे exams हो रहे थे। पापा ने मुझे डिस्टर्ब न हो इसलिए घर के पास ही एक होटल में मेरे लिए रूम बुक किया था ताकि में वही रहूं और पढूं। मेरा केमिस्ट्री का पेपर सुबह 7 बजे से था। […]
Read More →बंदा बनना है तो कंधा बन ..
-सुजाता॥ कई दिन हो गए टीवी पर शाहरुख लड़कों को सीख दे रहे हैं कि अगर फेयर और हैण्डसम नहीं होगा तो लड़कियाँ तुझे कंधा बना कर इस्तेमाल करेंगी और तेरे हाथ खुछ नहीं आएगा। रंगभेदी और लिंगभेदी यह विज्ञापन मुझे बार-बार खतरनाक लगता है। इस विज्ञापन से लड़कियाँ बार बार ऑफेण्डेड क्यों न महसूस […]
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